Google Analytics Meta Pixel नारी शौर्य का प्रतीक है मदन महल का किला, अद्भुत बैलेंसिंग राक - Ekhabri.com

नारी शौर्य का प्रतीक है मदन महल का किला, अद्भुत बैलेंसिंग राक

जबलपुर में गोलाकार चट्टानों से घिरी पहाडि़यों के बीचों बीच खड़ा मदन महल का ऐतिहासिक किला आज भी कई रहस्य समेटे है। एक बड़ी ग्रेनाईट चट्टान को तराशकर बनाए गए इस किले का उपयोग रानी दुर्गावती सैनिक छावनी के रूप करती थीं। यहां ये वह पूरे शहर पर आसानी से नजर रखती थीं। वर्तमान में यह किला खंडहर में तब्दील हो गया है, लेकिन पर्यटक शाही परिवार का मुख्य कक्ष, युद्ध कक्ष, छोटा सा तालाब और अस्तबल देख कर रोमाचिंत हो सकते हैं।

 

 

 

इस किले में रानी की यादें बसी हैं। वह पत्थर आज भी यहां देखने मिलता है जिस पर दुर्गावती अपने घोड़े पर बैठकर किले के नीचे छलांग लगाकर युद्ध का अभ्यास करती थीं। किला मार्ग के पहले पहाड़ी के नीचे हरियाली के बीच एक चटटान पर टिका बैलेंसिंग राक विज्ञानिकों के लिए आज भी कौतुहल का विषय बना हुआ है।

 

 

 

कई क्विंटल वजनी ये एक बड़ा पत्थर महज कुछ इंच के आधार पर दूसरे पत्थर से टिका वर्षों से अपनी जगह पर खड़ा है। इसका बैलेंस ऐसा है कि बड़े से बड़े भूकंप के झटके भी इसे आज तक नहीं हिला पाए हैं। शारदा मां का प्राचीन मंदिर है। घूमने -फिरने के लिए यह स्थान बहुत ही रोमांचक व आनंदित करने वाला है।

 

 

 

मदन महल पहाड़ी पहले से ही विभिन्न प्रजातियों के फल, औषधिय और छायादार वृक्षों से आच्छादित थी। प्रशासन ने भी इसमें वृहद स्तर पर वृक्षारोपण कराया। किले की विशेषता ये है कि कक्ष में की गई नक्काशी आज नजर आती है। यहां युद्ध कक्ष, छोटा सा तालाब और अस्तबल देख सकते हैं। हालांकि वक्त के साथ ये खंडहर हो चुके हैं। यहां घूमने के लिए सुबह और शाम का वक्त बेहद उपर्युक्त है।

किले में यह है खास

Read Also  मुख्यमंत्री भूपेश बघेल 9 सितम्बर को मेडिकल कॉलेज रायपुर के अंतर्गत 700 बिस्तर अस्पताल का करेंगे भूमिपूजन

-मदन महल किला जमीन से करीब 500 मीटर की ऊंचाई पर एक बड़ी ग्रेनाईट चट्टान को तराशकर बनाया गया है।

– किले के भीतर दीवार, छत पर की गई नक्काशी आज भी नजर आती है

– किले की चोटी पर पहुंचने पर आपको जबलपुर शहर का खूबसूरत नज़ारा दिखाई देगा।

– यहां एक गुप्त सुरंग मिली थी जिसे अब बंद कर दिया गया है। ये सुरंग मंडला जाकर खुलती थी।

 

 

 

बैलेसिंग राक सैलानियों की पहली पंसद

पहाड़ी के नीचे बैलेंसिंग राक है। इसे देखने सैलानी बड़ी संख्या में यहां पहुंचते हैं। यहां पर एक बड़ी सी चट्टान के ऊपर कुछ इंच के आधार पर एक दूसरी चट्टान रखी हुई है। इसे देखने से ऐसा लगता है जैसे ये किसी भी वक्त गिरने वाली है। मगर यह कई सालों से इस स्थिति में रखी हुई है। साल 1997 में 22 मई को 6.2 की तीव्रता वाला भूकंप भी डिगा नहीं पाया। इस भूकंप ने जबलपुर में भारी तबाही मचाई थी। उस दौरान कई इमारत भूकंप के झटकों से जमींदोज हो गए थे। लेकिन पूरे शहर में एक यही बैलेंसिंग राक था, जिस पर भूकंप के झटकों का कोई असर नहीं पड़ा था। इस बैलेंस राक को देखने के लिए देश-विदेश से लोग आते हैं। नगर निगम, जिला प्रशासन और स्मार्ट सिटी द्वारा यहां तक पहुंचने सीमेंटेट सड़क बनाई है। बैलेंसिंग राक के चारो तरफ रंग-बिरंगी लाइट लगाई है।

 

 

 

रानी दुर्गावती ने अपने साम्राज्य में अकाल पड़ने पर शारदा माता की प्रतिमा स्थापित कर उनका आह्वान किया। मां अपनी बेटी के आग्रह को टाल न सकीं और इस तरह मां की प्रतिमा के स्थापित होने के बाद साम्राज्य में वर्षा का दौर शुरू हुआ। यही वजह है कि आराधना व भक्ति के साथ यह स्थान मनोकामना पूर्ण करने के लिए भी जाना जाता है। कहा जाता है कि सुरंग के रास्ते रानी दुर्गावती मंडला से मदनहल किले तक आती थीं। किले के दूसरे रास्ते से शारदा मंदिर पहुंचकर पूजन करती थी। यहां आने वालों को शांति और सुकून मिलता है।
Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


फर्जी दिव्यांगता प्रमाण-पत्र मामलों की जांच के लिए बनेगा विशेष मेडिकल बोर्ड

By User 6 / August 20, 2026 / 0 Comments
रायपुर । छत्तीसगढ़ में फर्जी दिव्यांगता प्रमाण-पत्र के आधार पर शासकीय सेवा में कार्यरत लोगों के मामलों की अब त्वरित जांच की जाएगी। इसके लिए राज्य एवं संभागीय स्तर पर मेडिकल बोर्ड के माध्यम से परीक्षण की प्रक्रिया को प्रभावी...

क्या राखी में होगा चंद्र ग्रहण का असर! जानिए शुभ मुहूर्त

By User 6 / August 21, 2026 / 0 Comments
रायपुर। 28 अगस्त 2026 को रक्षाबंधन का त्योहार मनाया जाएगा। इसी दिन साल का आखिरी चंद्र ग्रहण भी लगने वाला है। ऐसे में लोगों के मन में सवाल है कि क्या ग्रहण का असर राखी बांधने के शुभ मुहूर्त पर...

बिजली के हाईवोल्टेज तार की चपेट में आने से ग्रामीण की दर्दनाक मौत

By Reporter 5 / August 22, 2026 / 0 Comments
कवर्धा। कवर्धा जिले के बैजलपुर चौकी क्षेत्र से बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है, जिसमें बिजली के हाईवोल्टेज तार की चपेट में आने से ग्रामीण की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे में कामाड़बरी निवासी रामकुमार विश्वकर्मा ने मौके पर ही...

चॉकलेट का लालच देकर बुजुर्ग ने की गंदी हरकत, बच्ची ने सुनाई आप बीती

By User 6 / August 19, 2026 / 0 Comments
दुर्ग/भिलाई। छत्तीसगढ़ के भिलाई छावनी थाना क्षेत्र से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है। यहाँ एक बुजुर्ग दुकानदार द्वारा 8 से 9 साल की तीन मासूम बच्चियों के साथ अमानवीय और अनैतिक कृत्य किया गया है। वह बच्चियों को...

छत्तीसगढ़ में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 23 आईएएस अधिकारियों के विभाग बदले

By Reporter 5 / August 19, 2026 / 0 Comments
  रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग ने मंगलवार को 23 आईएएस अधिकारियों के पदस्थापना एवं अतिरिक्त प्रभार से संबंधित आदेश जारी किया है। आदेश के तहत कई वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जबकि कुछ अधिकारियों...

इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय पेपर लीक मामले में एफआईआर, कवर्धा-बिलासपुर से वायरल हुआ प्रश्नपत्र

By Reporter 5 / August 22, 2026 / 0 Comments
रायपुर। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (IGKV) की बीएससी कृषि द्वितीय वर्ष की कीटशास्त्र परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक होने के मामले में तेलीबांधा पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। विश्वविद्यालय के यूजी परीक्षा प्रभारी डॉ. एन.आर. रंगारे की रिपोर्ट पर...

भिलाई सिस्कोल फैक्ट्री में बड़ा हादसा, मजदूर की मौत पर जोरदार हंगामा

By User 6 / August 20, 2026 / 0 Comments
दुर्ग। छत्तीसगढ़ के भिलाई के हथखोज स्थित सिस्कोल फैक्ट्री में फैक्ट्री के यूनिट-3 में जॉब हैंडलिंग के दौरान बड़ा हादसे हो गया। जिसमें मजदूर राजेश निर्मलकर की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद बड़ी संख्या में मजदूर...

कोरिया के जीराफूल चावल की बढ़ी पहचान, एफपीओ मॉडल से किसानों को बेहतर बाजार

By Reporter 5 / August 19, 2026 / 0 Comments
  कोरिया। कोरिया जिले का पारंपरिक और सुगंधित जीराफूल चावल अब प्राकृतिक खेती और किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) मॉडल के जरिए नई पहचान बना रहा है। जिला प्रशासन और कृषि विभाग के प्रयासों से स्थानीय किसानों की उपज को बेहतर बाजार...

नवा रायपुर में ई-बसों के संचालन समेत सड़क परियोजनाओं पर बड़ा फैसला

By User 6 / August 20, 2026 / 0 Comments
रायपुर।नवा रायपुर में ई-बसों के संचालन, नए कार्यालय भवनों के निर्माण और रायगढ़-जांजगीर-चांपा की महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को लेकर मंगलवार को मंत्रालय महानदी भवन में परियोजना निर्माण एवं क्रियान्वयन समिति की बैठक हुई। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में आयोजित...

सौर ऊर्जा विस्तार से छत्तीसगढ़ बनेगा देश का अग्रणी राज्य, 5 लाख घरों तक पहुंचाने का लक्ष्य

By Reporter 5 / August 23, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ सौर ऊर्जा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। राज्य सरकार ने मार्च 2027 तक प्रदेश के 5 लाख घरों में सोलर पैनल लगाने का लक्ष्य...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *