मुंबई से कानपुर आ रही इंडिगो फ्लाइट (6ई-824) में यात्रियों को दहशत भरा अनुभव हुआ। फ्लाइट लैंडिंग के बाद 32 मिनट तक गेट नहीं खुला, जिससे विमान में बैठे 145 यात्री असहज स्थिति में रहे। बच्चे और बुजुर्ग विशेष रूप से परेशान हुए। एयर होस्टेस बार-बार यात्रियों को धीरज रखने की सलाह देती रहीं।
यात्रियों के अनुसार, फ्लाइट पहले ही आधा घंटे विलंब से मुंबई एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी। कानपुर पहुंचने का समय 3:20 बजे तय था, लेकिन देरी की वजह से फ्लाइट 3:46 बजे एयरपोर्ट पर आने वाली थी। लैंडिंग से पहले एयर ट्रैफिक कंट्रोल से सिग्नल नहीं मिलने के कारण फ्लाइट को 12 मिनट तक हवा में चक्कर लगाने पड़े। जब सिग्नल मिला, तो फ्लाइट 3:58 बजे चकेरी एयरपोर्ट पर लैंड कर सकी।
लेकिन लैंडिंग के बाद भी गेट नहीं खुलने से स्थिति और खराब हो गई। यात्रियों ने बार-बार मदद मांगी। एयर होस्टेस ने बताया कि तकनीकी खराबी की वजह से गेट नहीं खुल सका। बाद में इंडिगो की तकनीकी टीम ने जाँच की और पाया कि बैटरी डिस्चार्ज होने से समस्या हुई। बैटरी चार्ज होने के बाद लगभग 32 मिनट बाद गेट खुला, और यात्रियों ने 4:42 बजे राहत की सांस ली। इसी बीच, कानपुर से मुंबई जाने वाली फ्लाइट भी डेढ़ घंटे विलंब से उड़ सकी। जो फ्लाइट 4 बजे उड़नी थी, वह 5:30 बजे मुंबई के लिए रवाना हुई।










