शाहजहांपुर-उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले में शनिवार की भीषण सड़क हादसा हुआ है। हादसे में 11 श्रद्धालुओं की मौत हो गई और 25 लोग घायल हो गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। भीषण हादसे के बाद सड़क पर लाशों का ढेर लग गया। चीख-पुकार के बीच परिजन अपनों को तलाशते दिखाई दिए। जानकारी के अनुसार, गोला गोकर्णनाथ मार्ग पर खुटार कस्बे के नजदीक शनिवार रात ढाबे पर खड़ी बस में बजरी से भरा डंपर टकरा गया। टक्कर के बाद डंपर बस पर ही पलट गया। इस कारण लोग बुरी तरह दब गए। हादसे में बस सवार 11 श्रद्धालुओं की मौत हो गई और 25 लोग घायल हो गए। सीतापुर जिले के रहने वाले सभी लोग पूर्णागिरि दर्शन करने जा रहे थे। भीषण हादसे की वजह डंपर के चालक को झपकी आना माना जा रहा है। हादसे के बाद डंपर चालक का पता नहीं चल पाया। उसकी तलाश की जा रही है। हादसे की खबर सुनकर मौके पर पहुंचे परिजन लाशों के ढेर में अपनों को तलाशते रहे। यह मंजर देख पुलिसकर्मियों का कलेजा भी कांप उठा। पुलिस ने घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया है। शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
इन लोगों की हुई मौत
डंपर की टक्कर से बस सवार यात्रियों में सीतापुर के थाना कमलापुर के गांव बड़ा जटहा निवासी केदारी की पत्नी 45 वर्षीय सोमवती, छोटेलाल की पत्नी छुटकी, रूपेश का 16 वर्षीय पुत्र अजीत, प्रमोद कुमार, शिवशंकर, रामदास की पत्नी 30 वर्षीय मीना देवी, थाना मछरेहटा के गांव घुरेनी निवासी गंगाराम की पत्नी 36 वर्षीय सुमन, पुत्र आठ वर्षीय आदित्य सहित दस लोगों की मौत हुई है। मृतकों के शामिल आदित्य (11) और अजीत (16) ने तो अभी ठीक से दुनिया भी नहीं देखी थी। वहीं केदारी, छोटेलाल, रामदास और गंगाराम की दुनिया ही उजड़ गई। वहां मौजूद परिजनों का करुण क्रंदन मंजर की भयावहता बयां कर रहा था। यह हादसा कई परिवार को ऐसा जख्म दे गया, जिसे समय शायद ही भर सके। घटनास्थल के अलावा सीएमसी से लेकर राजकीय मेडिकल कॉलेज तक, जिसने भी यह मंजर देखा वो स्तब्ध रह गया।










