नई दिल्ली. नीट-यूजी पेपर लीक को लेकर चल रहे आंदोलन के बाद अब आरक्षण का मुद्दा उठने लगा है सामान्य वर्ग के लोग आरक्षण खत्म करने को लेकर आवाज बुलंद करते नजर आ रहे हैं इस बीच एक नीट के ही स्टूडेंट हर्ष दुबे इन दिनों सोशल मीडिया में बेहद छाए हुए हैं.. उन्होंने बेहद बेबाकी से अपनी आवाज रखी है और आंदोलन को लेकर कई तरह के सवाल किए हैं नीट पेपर लिख के दौरान हो रहे आंदोलन को लेकर उन्होंने सवाल उठाया है कि अब तक आरक्षण को लेकर क्यों आवाज नहीं उठाई गई है क्या यह सामान्य लोगों के साथ होने वाला अन्याय नहीं है?
एक मीडिया हाउज में हुए कार्यक्रम में NEET छात्र हर्ष दुबे शामिल हुए. इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि अक्सर असली उम्मीदवारों की बात सुनी ही नहीं जाती है. कोई रिजर्वेशन पर बात क्यों नहीं करता है?मेरे साथ पढ़ने वालों के अस्पताल चलते हैं, उनके बच्चे आधे-आधे नंबर लाकर हमारे साथ पढ़ रहे हैं… “इस दौरान NEET की तैयारी कर रहे हर्ष दुबे ने ये तीखा सवाल किया. ये सवाल उन्होंने उन लोगों से किया जो नीट-यूजी पेपर लीक को लेकर आंदोलन कर रहा हैं, ये सवाल उन्होंने विपक्ष से भी किया. NDTV के शो में आए हर्ष दुबे नीट-यूजी पेपर लीक प्रोटेस्ट को लेकर चल रही एक बहस में शामिल हुए थे. उन्होंने गुस्से में अपना आपा खो दिया और रिजर्वेशन का मुद्दा जोरो से उठाया. हर्ष दुबे ने सवाल उठाया कि क्या NEET पेपर लीक को लेकर हो रहे विरोध-प्रदर्शनों से कोई सार्थक सुधार हो पाएगा. रिजर्वेशन पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि कोई रिजर्वेशन पर बात क्यों नहीं करता है? इस मुद्दे पर कोई चैनल न कोई विपक्ष बात करता है.
“रिजर्वेशन पर बात कब की जाएगी”
हर्ष ने कहा, “मेरे साथ पढ़ने वालों के अस्पताल चलते हैं, उनके बच्चे आधे-आधे नंबर लाकर हमारे साथ पढ़ रहे हैं. चार साल से ऐसा हो रहा है, लेकिन सुनता कौन है? रिजर्वेशन पर बात कब की जाएगी, कोई ये बात दो बस. रिजर्वेशन स्टेट लेवल पर भी है”
हर्ष ने आगे कहा, “एक यूपी का बच्चा 560 में दाखिला पाएगा, वहीं एक मध्य प्रदेश का बच्चा 540 में दाखिला पा लेगा. ऐसा क्यों, मेरे जो नंबर आए हैं, उसपर एमी में सिलेक्शन हुआ है. आप कहां-कहां पर रिजर्वेशन देंगे. आप कास्ट लेवल पर रिजर्वेशन दे रहे हैं. आप कॉलेज लेवल पर रिजर्वेशन दे रहे हैं. ये ऑल इंडिया का एग्जाम है, हर बच्चे को एक ही नंबर पर कॉलेज मिलना चाहिए. लेकिन ऐसा होता नहीं है. इस बारे में कौन बात कर रहे है, आंदोलन करने वाले ? नेता राहुल गांधी? इस पर बात क्यों नहीं कर रहे हैं, एक सामान्य वर्ग के परिवार का ही बच्चा ही सुसाइड करता है. क्योंकि उसके पास कोई बैकअप नहीं होता है.
सोशल मीडिया में छाया हर्ष
आपको बता दे कि इन दिनों सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म में हर्ष की क्लिपिंग धड़ल्ले से वायरल हो रही है.उनके विभाग बोली और अंदाज लोगों को काफी प्रभावित कर रहा है यही कारण है कि सामान्य वर्ग के लोग भी अब एकजुट होकर आरक्षण को लेकर आवाज उठाते नजर आ रहे हैं. हर्ष ने कहा है कि अगर आरक्षण खत्म होता है तो इससे समान स्तर पर सभी को आगे बढ़ने का मौका मिलेगा किसी भी व्यक्ति की क्षमता और उसकी प्रतिभा को आप जाति के आधार पर बिल्कुल भी नहीं आ सकते हैं. इसके लिए सबसे ज्यादा आवश्यक है कि आरक्षण को खत्म किया जाए और जो वास्तव में सही नंबर और सही दिशा में बढ़ सकता है. वही किसी भी प्रतियोगी परीक्षा में भाग ले और सफलता पाए आपको बता दें कि हर्ष की ऐसी कई क्लिपिंग है जो सोशल मीडिया में यूथ काफी लाइक कर रहे हैं उसे इंस्टाग्राम और फेसबुक में स्टोरी डालते हुए नजर आ रहे हैं. बहरहाल बात चाहे जो भी हो आने वाले दिनों में आरक्षण एक बड़ा मुद्दा बनकर सामने खड़ा हो सकता है.










