छत्तीसगढ़ न्यायिक अकादमी ने दिनांक 26/11/23 को संविधान दिवस के मौके पर माननीय मुख्य न्यायधपति रमेश सिन्हा के मार्गदर्शन में गरिमामय कार्यक्रम आयोजित किया। न्यायिक शाखा के न्यायमूर्ति नरेंद्र कुमार व्यास एवं राकेश कुमार पांडे सहित सभी जिला न्यायाधीशों ने भाग लिया।

कार्यक्रम में संविधान की महत्वपूर्ण बातें साझा की गईं, जिसमें न्यायमूर्ति नरेंद्र कुमार व्यास ने न्याय व्यवस्था को सरल बनाए रखने की बात की, और राकेश कुमार पांडेय ने भारतीय संविधान के महत्व को हाइलाइट किया। मुख्य न्यायधपति रमेश सिन्हा ने न्यायपालिका के सामने चुनौतियों पर चर्चा की और समाधान की आवश्यकता पर बल दिया।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित माननीय न्यायमूर्ति राकेश कुमार पांडेय द्वारा भारतीय संविधान के महत्व पर प्रकाश डाला गया उनके द्वारा बताया गया कि भारतीय संविधान नागरिकों के हितों की सुरक्षा करते हुए, हर नागरिक के मौलिक अधिकारों की रक्षा करता है। उनके द्वारा संविधान दिवस के महत्व को समझाते हुए, उसको मनाये जाने के उदेश्य, संविधान के निमार्ण एवं विकास में योगदान देने वाले सभा के सम्मानीय सदस्यों के बारे में भी संक्षेप में जानकारी दी।
माननीय मुख्य न्यायधिपति रमेश सिन्हा के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ न्यायिक अकादमी के द्वारा आज दिंनाक को ही राज्य के समस्त जिलों के जिला न्यायाधीश की संगोष्ठी आयेजित की गई थी। इस संगोष्ठी का उदेश्य न्यायपालिका के समक्ष मौजूद चुनौती एवं उनके निराकरण हेतु उठाये जाने वाले कदमों के संबंध में चर्चा करना था।










