Google Analytics Meta Pixel 32 पार्टियों का मिला समर्थन… एक देश-एक चुनाव’ पर जानिए किस पार्टी का क्या रहा रुख - Ekhabri.com

32 पार्टियों का मिला समर्थन… एक देश-एक चुनाव’ पर जानिए किस पार्टी का क्या रहा रुख

दिल्ली। मोदी सरकार ने अपने तीसरे कार्यकाल के 100 दिन पूरे होने के बाद ‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ की दिशा में ठोस कदम उठाने का निर्णय लिया है। इस प्रस्ताव के कार्यान्वयन में कई चुनौतियाँ मौजूद हैं, लेकिन सरकार का विश्वास है कि इनका समाधान किया जा सकता है। ‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ का लक्ष्य सभी चुनावों को एक साथ कराना है, जिससे चुनावी प्रक्रिया को सरल और प्रभावी बनाया जा सके। इससे चुनावी खर्च में कमी, प्रशासनिक बोझ में कमी और राजनीतिक स्थिरता में वृद्धि होने की संभावना है।

 

कोविंद कमेटी का गठन और रिपोर्ट

मोदी सरकार ने ‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ की संभावनाओं की जांच के लिए पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई थी। इस कमेटी ने 18,626 पन्नों की रिपोर्ट मार्च में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को सौंपी। इस रिपोर्ट को लेकर मोदी सरकार का मानना है कि यदि सभी राजनीतिक दल एकजुट होकर कार्य करें, तो ‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ की दिशा में आगे बढ़ना संभव है। यह योजना चुनावी प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने का एक प्रयास है।

 

रिपोर्ट के मुख्य बिंदु

 

राज्य विधानसभाओं का कार्यकाल बढ़ाना: सभी राज्य विधानसभाओं का कार्यकाल अगले लोकसभा चुनाव (2029) तक बढ़ाया जाएगा।

अविश्वास प्रस्ताव: यदि कोई सरकार बहुमत खो देती है और अविश्वास प्रस्ताव पास होता है, तो नए चुनाव कराए जा सकते हैं।

चुनावों का चरणबद्ध आयोजन: पहले चरण में लोकसभा और विधानसभा चुनाव होंगे, जबकि दूसरे चरण में 100 दिनों के भीतर स्थानीय निकाय चुनाव होंगे।

कॉमन इलेक्टोरल रोल: सभी चुनावों के लिए एक सामान्य मतदाता सूची तैयार की जाएगी।

Read Also  रायपुर में दिव्यांग जन निगम के अध्यक्ष बने लोकेश कावड़िया, मुख्यमंत्री ने नाम बदलने की घोषणा की

सुरक्षा और संसाधनों की योजना: चुनावों के लिए आवश्यक उपकरण, जनशक्ति और सुरक्षा बलों की अग्रिम योजना बनाई जाएगी।

 

विपक्ष की चिंताएँ

विपक्ष, खासकर कांग्रेस, ‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ के विचार का विरोध कर रहा है। उनका तर्क है कि इस प्रस्ताव को लागू करना व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है। कांग्रेस का कहना है कि विभिन्न राज्यों की राजनीतिक परिस्थितियाँ और चुनावी आवश्यकताएँ एकसाथ चुनाव कराने में बाधा डाल सकती हैं।

 

राजनीतिक दलों की विभिन्न राय

 

कांग्रेस: इस प्रस्ताव का सख्त विरोध करते हुए, वे इसे असंभव मानते हैं और कहते हैं कि इससे लोकतंत्र में विविधता को नुकसान होगा।

अन्य दल: कुछ दलों ने समर्थन दिया है, जबकि कई अन्य ने इस मुद्दे पर स्पष्ट स्थिति नहीं ली है। उदाहरण के लिए, जेडीयू ने बिल का समर्थन किया है, जबकि कुछ क्षेत्रीय दलों ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया:

 

समर्थन: 32 दलों ने इस पहल का समर्थन किया है।

विरोध: 15 दलों ने इसका विरोध किया है।

अनुत्तरदायी: 15 दलों ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ की संभावनाएँ एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती हैं, जो चुनावी प्रक्रिया को सरल और प्रभावी बनाने का प्रयास कर रही हैं। हालांकि, इसके सफल कार्यान्वयन के लिए सभी राजनीतिक दलों का सहयोग अनिवार्य होगा।

 

इन पार्टियों ने किया समर्थन

वन नेशन-वन इलेक्शन’ प्रस्ताव का समर्थन करने वाले राजनीतिक दलों में सत्ताधारी बीजेपी के अलावा कई क्षेत्रीय और राष्ट्रीय दल शामिल हैं। इनमें प्रमुख रूप से निम्नलिखित दल शामिल हैं:

Read Also  छत्तीसगढ़ निवेश के लिए असीम संभावनाओं वाला राज्य: मुख्यमंत्री ने दिल्ली में निवेशकों को दिया न्योता 

 

अन्नाद्रमुक

ऑल झारखंड स्टूडेंट्स यूनियन

अपना दल (सोनेलाल)

असम गण परिषद

बीजू जनता दल

लोक जनशक्ति पार्टी (आर)

मिजो नेशनल फ्रंट

नेशनलिस्ट डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी

शिवसेना

जनता दल (यूनाइटेड)

सिक्किम क्रांतिकारी मोर्चा

शिरोमणि अकाली दल

यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल

प्रमुख विरोधी दल:

 

कांग्रेस

आम आदमी पार्टी (आप)

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा)

AIMIM

CPM

DMK

TMC

सपा

 

आवश्यकताएँ और चुनौतियाँ

 

राजनीतिक सहमति: विभिन्न दलों के बीच सहमति स्थापित करना एक बड़ी चुनौती है, खासकर जब राजनीतिक परिदृश्य विविधता से भरा हो।

संविधानिक बदलाव: कई संविधानिक परिवर्तनों की आवश्यकता होगी, जो जटिल हो सकते हैं।

प्रशासनिक तैयारी: चुनावों के लिए जरूरी संसाधनों और जनशक्ति की उचित व्यवस्था करनी होगी।

भविष्य की दृष्टि

यदि ये चुनौतियाँ हल हो जाती हैं, तो ‘वन नेशन-वन इलेक्शन’ भारतीय लोकतंत्र के लिए एक नया आयाम स्थापित कर सकता है। समय बताएगा कि क्या यह योजना सफल हो पाती है या नहीं। सभी पक्षों की सक्रिय भागीदारी इस प्रक्रिया में एक निर्णायक भूमिका निभाएगी।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


1 जुलाई से मिलेगा पेट्रोल डीजल बिक्री में लगी पाबंदियां हटेंगी, स्थिति सामान्य होने के बाद केंद्र ने किया फैसला

By User 6 / June 30, 2026 / 0 Comments
नई दिल्ली। पेट्रोल और डीजल को लेकर आम लोगों के लिए सुकून देने वाली खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने 1 जुलाई 2026 से ईंधन की बिक्री और वितरण पर लागू सभी अस्थायी पाबंदियां हटाने का फैसला किया है।...

गर्मी और उमस में मिलेगी जल्दी राहत, कल बारिश की संभावना

By User 6 / June 30, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून की रफ्तार अभी बहुत धीमी है। बारिश नहीं होने के कारण लोग बेहद परेशान है। गर्मी चरम पर है इस बीच अच्छी खबर यह है कि कल कई स्थानों में बारिश होने की संभावना जताई जा...

रायपुर: केटीयूजेएम एलुमनी एसोसिएशन की पहली वार्षिक आम सभा संपन्न

By User 6 / June 29, 2026 / 0 Comments
रायपुर। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय (KTUJM) एलुमनी एसोसिएशन की प्रथम वार्षिक आम सभा रविवार को श्री नारायण गुरु मंदिर परिसर में आयोजित हुई। बैठक में संगठन के विस्तार, सदस्यता, वित्तीय विवरण और वर्ष 2026-27 के प्रस्तावित कार्यक्रमों सहित...

तालाब में डूबे युवक को समझा था मृत, अचानक खड़े होने पर उड़े सबके होश

By User 6 / June 30, 2026 / 0 Comments
बालोद। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां गुण्डरदेही के रामसागर तालाब में एक युवक के डूबने की बात सामने आई. खबर फैलते ही पूरे इलाके में सनसनी फैल गई. लोग मौके पर पहुंचे...

राज्य में जल्दी होगी झमाझम बारिश, जानिए क्या है मौसम विभाग का अनुमान

By User 6 / June 28, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो रही है लेकिन राजधानी रायपुर में अभी भी उमस बरकरार है। तेज गर्मी और धूप के कारण लोग परेशान हो रहे हैं। इन सभी के बीच में राहत देने...

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से पद्मश्री डॉ. बुधरी ताती की सौजन्य मुलाकात

By Reporter 5 / June 28, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 27 जून 2026। राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से पद्मश्री डॉ. बुधरी ताती ने सौजन्य मुलाकात की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जनजातीय समाज के उत्थान, लोक संस्कृति के संरक्षण और महिला सशक्तिकरण के...

अगर आपको भी बनाना है वीजा तो हो जाए सावधान, बढ़ गई है फीस नई

By User 6 / June 26, 2026 / 0 Comments
दिल्ली : वीजा के लिए अप्लाई करने वालो के लिए बड़ी खबर सामने आई है। केंद्र सरकार ने पासपोर्ट नियमों में संशोधन करते हुए फीस में बढ़ोतरी का फैसला किया है। नई दरें 1 जुलाई 2026 से लागू होंगी, जिसके...

श्रम विभाग में बड़ा फेरबदल, 11 अधिकारियों का तबादला आदेश जारी

By User 6 / July 1, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 30 जून 2026।छत्तीसगढ़ शासन के श्रम विभाग ने प्रशासनिक कसावट लाते हुए बड़ा फेरबदल किया है। मंत्रालय महानदी भवन, नया रायपुर अटल नगर से जारी आदेश में विभाग के 11 अधिकारियों का तबादला किया गया है। यह आदेश तत्काल...

राज्य में अवैध खनन पर बड़ा एक्शन, परिवहन-भंडारण भी निशाने पर

By User 6 / June 26, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 25 जून 2026।छत्तीसगढ़ में खनिज माफियाओं के खिलाफ सरकार की सख्ती अब जमीन पर साफ दिखाई देने लगी है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर राज्यभर में अवैध खनिज उत्खनन, परिवहन और भंडारण के खिलाफ चलाए जा रहे...

रूफटॉप सोलर उपभोक्ताओं को बड़ी राहत, अतिरिक्त बिजली पर मिलेगा क्रेडिट

By User 6 / June 29, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 28 जून 2026। प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत छतों पर रूफटॉप सोलर संयंत्र लगाने वाले उपभोक्ताओं के लिए बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। अब उपभोक्ताओं द्वारा ग्रिड में भेजी गई अतिरिक्त (सरप्लस) सोलर बिजली को...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *