Google Analytics Meta Pixel सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान सरकार के लिए छत्तीसगढ़ में खनन अनुमतियों को बरकरार रखा   - Ekhabri.com

सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान सरकार के लिए छत्तीसगढ़ में खनन अनुमतियों को बरकरार रखा  

 

Read Also  गोदावरी इलेक्ट्रिक मोटर्स से कलिंगा विश्वविद्यालय का साझा उद्देश्य: इलेक्ट्रिक वाहनों के क्षेत्र में उत्कृष्टता के लिए साकारात्मक समझौता


21 दिसम्बर 2023: राजस्थान के लिए एक महत्वपूर्ण जीत में सुप्रीम कोर्ट ने एक दशक की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद छत्तीसगढ़ में उसके खनन अधिकारों को बरकरार रखने के निर्देश दिये है। इससे छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में राज्य संचालित राजस्थान राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड (आरआरवीयूएनएल) के परसा ईस्ट कांता बसन (पीईकेबी) खदान पर मंडरा रही अनिश्चितताएं समाप्त हो गईं है। हाल में चल रहे नवरात्रि के त्यौहार के बिच राजस्थान और छत्तीसगढ़ के लिए यह एक बड़ी खबर आयी है।

341fb3a752f8ef643c2a0e8fe93ceee7

“सिविल अपील और विशेष अनुमति याचिका का निस्तारण हस्ताक्षरित आदेश के अनुसार किया जाता है। लंबित आवेदन, यदि कोई हो, निस्तारित किया जाता है।” सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़, न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला और न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा की बेंच द्वारा अक्टूबर 16, 2023 को दिए गए फैसले में बताया।

 

सुप्रीम कोर्ट ने पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय और छत्तीसगढ़ राज्य द्वारा दी गई अनुमति में हस्तक्षेप करने से से इनकार कर दिया, जिससे पीईकेबी खदान के दूसरे चरण में खनन जारी रखने पर कोई विधिक संकट नहीं है।

 

सुदीप श्रीवास्तव द्वारा वकील प्रशांत भूषण के माध्यम से दायर मामले में, इस नतीजे से राजस्थान की बिजली उत्पादन परियोजनाओं को सस्ते कोयले की आपूर्ति आसान हो सकेगी। 2007 में, कोयला मंत्रालय ने आरआरवीयूएनएल को पीईकेबी खदान आवंटित कि था। हालाँकि पांच साल बाद, 2012 में, उन्होंने सक्षम राज्य और केंद्र सरकार की संस्थाओ द्वारा दी गई नियामक अनुमतियों को चुनौती दी थी। कानूनी विवाद ने आरआरवीयूएनएल के 4340 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता को चालू करने और नेटवर्क को सक्षम करने के लिए 40,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है जो की इस खदान से निकलने वाले कोयले पर निर्भर था।

Read Also  धान खरीदी का लक्ष्य 70 से बढ़ाकर 78 लाख मीट्रिक टन, किसानों को बड़ी राहत

 

राष्ट्रीय हरित अधिकरण द्वारा पारित निर्देशों के अनुपालन में भारतीय वानिकी अनुसंधान एवं शिक्षा परिषद द्वारा संपूर्ण हसदेव अरंड वन क्षेत्र में जैव विविधता अध्ययन आयोजित किया गया था। परिषद की जुलाई 2021 की जैव विविधता आकलन रिपोर्ट और दिसंबर 2021 की वन सलाहकार समिति की सिफारिशों के आधार पर, पर्यावरण, मंत्रालय ने 2 फरवरी, 2022 को पीईकेबी कोयला खदान के लिए चरण- II के खनन कार्य को मंजूरी दे दी थी। पर्यावरण मंत्रालय की उक्त मंजूरी के अनुसार, छत्तीसगढ़ सरकार ने भी 25 मार्च, 2022 को पीईकेबी खदान में कोयला खनन की अनुमति दे दी थी।

 

सुप्रीम कोर्ट, आरआरवीयूएनएल के वकील के तर्क से सहमत हुए कि चूंकि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के आदेश के परिणामस्वरूप एमओईएफ एंड सीसी और छत्तीसगढ़ राज्य द्वारा उपरोक्त आदेश जारी किए गए हैं, इसलिए कार्यवाही में जो कारण बताया गया था वह वाजिब नहीं है।

 

पीईकेबी खदान को भारत की सबसे अच्छी संचालित खदानों में से एक माना जाता है। संचालन, पर्यावरण, सुरक्षा, पुनर्वास और पुनर्वास में उत्कृष्टता के लिए इसे 2019 से कोयला मंत्रालय द्वारा उच्चतम पांच सितारा दर्जा दिया गया है। आरआरवीयूएनएल ने एक मॉडल खदान विकसित की है और पीईकेबी खदान के आसपास शिक्षा और सशक्तिकरण, कौशल विकास, स्वास्थ्य देखभाल, महिला सहकारी और ग्रामीण बुनियादी ढांचे के लिए समुदाय केंद्रित पहल में भारी निवेश किया है। पीईकेबी खदान पर करि 5000 परिवार को पिछड़े हुए सुरगुजा जिले में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से आजीविका के साथ साथ राज्य और केंद्र सरकारों को करोड़ो रूपए की रॉयल्टी और अन्य कर मिल रहे है।

Read Also  दोस्त ही दोस्त का रेप करे तो क्या कर सकते हैं, TMC सांसद के विवादित बयान से मचा घमासान

 

आरआरवीयूएनएल ने पहले चरण से ही कोयला खनन संपन्न कर लिया है और नियामकीय अनुमोदन के अनुसार अगले चरण में खनन के लिए छत्तीसगढ़ सरकार से अतिरिक्त भूमि की मांग कर रहा है। इससे पहले दिसंबर 2022 में, छत्तीसगढ़ में आरआरवीयूएनएल के एक अन्य परसा खदान से संबंधित मामले में, न्यायमूर्ति बीआर गवई और विक्रम नाथ की सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने यह कहते हुए रास्ता साफ़ कर दिया था की “हम विकास के रास्ते में नहीं आना चाहते हैं और हम इस पर बहुत स्पष्ट हैं। हम कानून के तहत आपके अधिकारों का निर्धारण करेंगे, लेकिन विकास की कीमत पर नहीं। हम किसी भी परियोजना को तब तक नहीं रोकेंगे जब तक कि अवैधता स्पष्ट रूप से बड़ी न हो।” शीर्ष अदालत के अनुकूल निर्णयों के साथ, राजस्थान की ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए आरआरवीयूएनएल के लिए पीईकेबी खदान और परसा खदान दोनों में खनन के लिए आगे बढ़ने की बाधाएं दूर हो गई हैं।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


रायपुर के डिजिटल क्रिएटर्स बढ़ाएंगे पीरियड जागरूकता और जलवायु अभियान

By User 6 / May 25, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 25 मई 2026।छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में डिजिटल क्रिएटर्स अब #PeriodFriendlyWorldऔर जलवायु कार्रवाई जैसे महत्वपूर्ण अभियानों को मजबूती देने के लिए आगे आए हैं। यूनिसेफ छत्तीसगढ़ द्वारा आयोजित एक ऑनलाइन संवाद में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स और डिजिटल क्रिएटर्स ने...

रायपुर-विशाखापट्टनम कॉरिडोर से छत्तीसगढ़ को मिलेगा विकास का नया इंजन

By User 6 / May 25, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 25 मई 2026।भारत तेजी से आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और मजबूत आर्थिक नेटवर्क के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ रहा है। सड़क, रेल, बंदरगाह और लॉजिस्टिक्स को एकीकृत करने की दिशा में केंद्र सरकार के प्रयास अब जमीन पर दिखने...

सुशासन तिहार में सीएम साय सख्त, अधिकारी निलंबित, लापरवाही पर कार्रवाई

By User 6 / May 22, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 21 मई 2026।छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार के तहत सूरजपुर, कोरिया और एमसीबी जिलों का औचक दौरा कर सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी हकीकत का जायजा लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों से सीधा...

नौतपे की शुरुआत के साथ छत्तीसगढ़ में आग उगल रही गर्मी, कई जिलों में 45 डिग्री के पार पहुंचा तापमान

By User 6 / May 25, 2026 / 0 Comments
रायपुर: छत्तीसगढ़ इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है। सोमवार से नौतपे की शुरुआत होते ही प्रदेश में गर्मी का असर और ज्यादा खतरनाक होने लगा है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तेज लू और तापमान में...

65 लाख का गांजा जब्त, सब्जी के कैरेट के नीचे छिपाकर यूपी ले जाया जा रहा था माल

By User 6 / May 25, 2026 / 0 Comments
गरियाबंद: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में देवभोग पुलिस ने गांजा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 130 किलो गांजा बरामद किया है। तस्कर गांजे को सब्जी के कैरेट के नीचे छिपाकर ओडिशा से उत्तर प्रदेश ले जा रहे थे।...

मेटाडोर में सामान बेचने वालों का होगा सत्यापन; ‘बाहरी’ तत्वों पर महापौर मीनल चौबे का कड़ा रुख

By User 6 / May 22, 2026 / 0 Comments
स्थानीय है तो पहचान पत्र उपलब्ध कराये रायपुर। शहर की आंतरिक सुरक्षा, कानून-व्यवस्था को बनाए रखने के लिए महापौर मीनल चौबे ने एक बड़ा निर्णय लिया है। राजधानी के विभिन्न मुख्य बाजारों, चौराहों और गली-मोहल्लों में गाडी लगाकर कवर व...

चित्रकोट जलप्रपात के पास गुजरात के केवड़िया मॉडल पर टेंट सिटी विकसित करने की तैयारी की, दुनिया में होगी अलग पहचान

By User 6 / May 22, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में नक्सल प्रभाव कमजोर पड़ने के बाद राज्य सरकार ने बस्तर क्षेत्र में पर्यटन विकास पर तेजी से काम शुरू कर दिया है। बस्तर की खूबसूरती अब दुनियां में देखी जाएगी। इसी कड़ी में बस्तर के प्रसिद्ध चित्रकोट...

छत्तीसगढ़ के लिए दिल्ली में सजेगा ‘विकास का रोडमैप’, जानिए किन बड़े मुद्दों की फाइल लेकर निकले हैं CM साय

By User 6 / May 24, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज महत्वपूर्ण दिल्ली दौरे पर रवाना हुए। राजधानी रायपुर से रवाना होने से पहले उन्होंने मीडिया से बातचीत में बताया कि इस यात्रा के दौरान वे केंद्र सरकार के कई वरिष्ठ मंत्रियों से मुलाकात...

आज का राशिफल

By User 6 / May 26, 2026 / 0 Comments
मेष राशि : आज का दिन आपके लिए सकारात्मक परिणाम लेकर आएगा। ससुराल पक्ष से कोई व्यक्ति आपसे मेल मिलाप करने आ सकता है। अपनी माताजी से किसी बात को लेकर नराज हो सकते हैं। अपनी संतान को संस्कारों व...

रायपुर में राज्यपाल रमेन डेका ने पीएम-जनमन योजना समीक्षा की

By User 6 / May 26, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 26 मई 2026। छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने आज राजधानी रायपुर स्थित लोक भवन में ‘पीएम-जनमन’ (प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महा अभियान) योजना की प्रगति की उच्च स्तरीय समीक्षा की। इस महत्वपूर्ण बैठक में राज्य शासन के विभिन्न...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *