सनातन धर्म में परिवर्तिनी एकादशी का बहुत खास महत्व है। एकादशी का दिन विष्णु जी की पूजा और कृपा प्राप्त करने के लिए बहुत खास मानी जाती है। इस साल परिवर्तिनी एकादशी 22 सितंबर, 2026 को मनाई जाएगी। भाद्रपद माह के शुक्ल पक्ष की एकदाशी को जलझूलनी एकदाशी, पद्मा एकादशी या परिवर्तिनी एकादशी के नाम से जाना जाता है। माना जाता है कि इस दिन सच्चे मन से विष्णु जी की पूजा करने और व्रत रखने मन की हर मोनकामना पूरी होती है और मोक्ष की प्राप्ति होती है। इस दिन पूजा के साथ परिवर्तिनी एकादशी कथा सुनने और पढ़ने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है।
यह है कथा
पौराणिक कथा के अनुसार, त्रेता युग में बलि नाम का एक असुर था। असुर होने के बावजूद भी वह महादानी, सत्यवादी, ब्राह्मणों की सेवा करने वाला और भगवान विष्णु का परम भक्त था। राजा बाली पूजा पाठ और दान-पुण्य बहुत करता था और जो भी उसके द्वार पर जाता, उसे वह कभी भी खाली हाथ नहीं जाने देता था। असुरराज राजा बलि ने अपने तेज और प्रताप के दम पर तीनों लोगों पर अपना अधिकार कर लिया था। वह स्वर्ग में देवेंद्र के स्थान पर राज्य करने लगा, देवराज इंद्र तथा अन्य देवता इस बात को सहन नहीं कर सके और भगवान श्री हरि के पास जाकर प्रार्थना करने लगे।भगवान विष्णु ने राजा बलि की परीक्षा लेने के लिए वामन अवतार धारण किया और उसके महल में गए जहां यज्ञ हो रहा था। लेकिन बलि वामन देव को पहचान न सकता।
तब राजा बलि ने कहा कि हे वामन देव आपको क्या चाहिए? तब वामन देव ने कहा कि मुझे तीन पग ज़मीन चाहिए। राजा बलि ने कहा कि आप इतने छोटे से हो, तीन पग ज़मीन में क्या पाओगे? लेकिन वामन देव अपनी बात पर अडिग रहे। तब राजा बलि ने तीन पग भूमि देने का वचन स्वीकार किया। फिर वामन देव ने अपने विश्वाल स्वरुप से दो पग में पूरी धरती और आकाश माप लिया था। लेकिनतीसरा पग कहां रखें यह सोच रहे थे, तब वामन देव ने राजा बलि से कहा की हे राजन मैं तीसरा पग कहां रखूं? राजा बलि ने कहा की हे वामन भगवान आप अपने तीसरे पग को मेरे सिर पर रख दीजिए। इतना कहकर राजा बलि ने अपना शीश नीचे कर दिया। भगवान के पैर रखने के बाद राजा बलि पाताल लोक में समाने लगे थे। तब राजा बाली ने भगवान से अपने साथ चलने के लिए आग्रह किया था।
फिर भगवान विष्णु ने राजा बाली के साथ पाताल लोक चलने का वचन दे दिया। इसके साथ ही भगवान विष्णु ने तीनों लोकों को दैत्य शासक से मुक्त कर दिया। भादो के शुक्ल पक्ष की परिवर्तिनी नामक एकादशी के दिन भगवान विष्णु की एक प्रतिमा राजा बाली के पास रहती है और इसे क्षीर सागर में शेषनाग पर शयन करती रहती है। इसे एकादशी को विष्णु भगवान सोते हुए करवट बदलते हैं। इस प्रकार एकादशी का उपवास करने से मनुष्य सभी पापों से मुक्त होकर स्वर्गलोक को जाता है और जो मनुष्य पापों से नष्ट करने वाली इस परिवर्तिनी एकादशी व्रत की कथा सुनता है उसे अश्वमेध यज्ञ के फल की प्राप्ति होती है।
CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.
By User 6 /
September 18, 2026 /
रायपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर प्रदेशव्यापी ‘सेवा संकल्प अभियान’ का भव्य शुभारंभ हुआ। इस दौरान आयोजित ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम में रायपुरवासियों ने 25 लाख से अधिक दीये जलाकर प्रधानमंत्री मोदी के प्रति अपनी शुभकामनाएं...
By User 6 /
September 18, 2026 /
रायपुर। राजधानी रायपुर के मरीन ड्राइव स्थित स्प्री वॉक परिसर में जिला प्रशासन के नवाचार प्रोजेक्ट ‘अक्षरा’ की शुरुआत की गई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शुक्रवार को प्रोजेक्ट अक्षरा का शुभारंभ किया। इस पहल के तहत मरीन ड्राइव में...
By User 6 /
September 18, 2026 /
रायपुर, 18 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में लघु उद्योग भारती द्वारा आयोजित तीन दिवसीय ‘इंडिया इंडस्ट्रियल फेयर-2026’ का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे उद्यमियों, निवेशकों...
By User 6 /
September 17, 2026 /
रायपुर, 16 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित झीरम घाटी हत्याकांड मामले में जगदलपुर की विशेष एनआईए अदालत ने 10 दोषियों को मृत्युदंड की सजा सुनाई है। 25 मई 2013 को हुए इस माओवादी हमले में कांग्रेस की परिवर्तन यात्रा के...
By User 6 /
September 17, 2026 /
रायपुर। विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास में भगवान विश्वकर्मा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने भगवान विश्वकर्मा से छत्तीसगढ़ की सुख-समृद्धि, खुशहाली और निरंतर प्रगति की कामना की। इस अवसर...
By User 6 /
September 17, 2026 /
रायपुर। लोकभवन में गुरुवार को भगवान विश्वकर्मा की जयंती धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाई गई। इस अवसर पर राज्यपाल रमेन डेका एवं प्रथम महिला रानी डेका काकोटी ने भगवान विश्वकर्मा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। राज्यपाल ने पूजा-अर्चना...
By User 6 /
September 17, 2026 /
रायपुर। कबीरधाम जिले की चिकित्सा शिक्षा के इतिहास में बुधवार का दिन महत्वपूर्ण रहा। शासकीय मेडिकल कॉलेज कवर्धा में प्रथम शैक्षणिक सत्र और प्रथम बैच की पढ़ाई का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा...
By User 6 /
September 17, 2026 /
रायपुर।मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में एचडीएफसी बैंक के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को छत्तीसगढ़ में बैंक की सेवाओं के 25 वर्ष पूरे होने की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने इस...
By User 6 /
September 20, 2026 /
वैदिक पंचांग के अनुसार, भाद्रपद शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर अनंत चतुर्दशी (Anant chaturdashi 2026) मनाई जाती है और इस दिन गणेश विसर्जन किया जाता है। इस अवसर पर भगवान गणेश की पूजा-अर्चना करने के बाद गणेश जी की...
By User 6 /
September 22, 2026 /
समागुडी. असम के नगांव लोकसभा उपचुनाव के प्रचार के दौरान सोमवार को समागुड़ी के बरमा इलाके में कांग्रेस नेताओं के काफिले पर कथित तौर पर पथराव का मामला सामने आया। काफिले में असम कांग्रेस प्रभारी और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री...