Google Analytics Meta Pixel चौथी डोज के रूप में न लें इंट्रा नेजल वैक्सीन - Ekhabri.com

चौथी डोज के रूप में न लें इंट्रा नेजल वैक्सीन

कोरोना रोधी इंट्रा नेजल वैक्सीन बाजार में आ गई है। मूल्य निर्धारण भी हो गया है। फिलहाल इसे निजी क्षेत्र में उपलब्ध कराया जाएगा। अभी तक जिन्होंने वैक्सीन की एक भी डोज नहीं ली है, उनके लिए यह वैक्सीन सुरक्षित और कारगर है। जिन्होंने वैक्सीन की दोनों नियमित डोज के बाद सतर्कता डोज भी लगवा ली है, वे चौथी डोज के रूप में इंट्रा नेजल वैक्सीन भूल कर न लें। ऐसा करने पर एंटीजन सिक फिनोमेना हो सकता है। मतलब यह कि शरीर में अत्यधिक एंटीजन होने से उसके खिलाफ एंटीबाडी नहीं बन पाएगी, कोरोना वायरस हमला करेगा तो एंटीबाडी उस एंटीजन को पहचान भी नहीं पाएगा। ऐसी स्थिति में कोरोना संक्रमण का खतरा होगा।

 

 

जीएसवीएम मेडिकल कालेज, कानपुर के माइक्रोबायोलाजी विभाग के प्रोफेसर डा.विकास मिश्रा ने बताया कि इंट्रा नेजल कोरोना वैक्सीन इनकोवैक चौथी डोज के रूप में किसी को नहीं दी जा सकती है। यह कोरोनारोधी वैक्सीन की दोनों डोज के बाद सतर्कता डोज लगवा चुके लोगों पर निष्प्रभावी हो सकती है। उनका कहना है कि वैक्सीन में वायरस के खिलाफ एंटीबाडी बनाने को एंटीजन दिया जाता है। जब शरीर में अधिक मात्रा में एंटीजन चला जाएगा तो एंटीजन सिक फिनोमेना हो जाएगा। इस वजह से मास्किग आफ रिसेप्टर यानी भ्रम की स्थिति पैदा हो जाएगी।

 

जीएसवीएम में पहले हो चुका अध्ययन
जीएसवीएम मेडिकल कालेज में माइक्रोबायोलाजी विभाग के प्रोफेसर डा. विकास मिश्रा कोरोना काल के दौरान मोनोक्लोनल एंटीबाडी को लेकर अध्ययन कर चुके हैं। उसमें यह देखा गया था कि जब अधिक मात्रा में मोनोक्लोनल एंटीबाडी दी गई तो शरीर की एंटीबाडी ने उसके खिलाफ प्रतिक्रिया देना ही बंद कर दिया था। मोनोक्लोनल एंटीबाडी के लिए एंटीजन सिक फिनोमेना प्रमाणित हो चुका है। यही स्थिति कोरोना रोधी वैक्सीन की चौथी डोज पर लागू होती है।

Read Also  10वीं बोर्ड की टॉपर इशिका लड़ रही है कैंसर से जंग

 

ऐसे काम करती है एमआरएनए वैक्सीन
डा. विकास का कहना है कि कोरोना रोधी वैक्सीन एमआरएनए वैक्सीन है। इसलिए उसके डोज में अंतराल रखा गया है, जिससे पर्याप्त एंटीबाडी बन सके। पहली और दूसरी डोज के बीच में 28 से 30 दिन का अंतराल है। सतर्कता डोज लगाने में पहले नौ माह, फिर छह माह और अब तीन माह का अंतराल रखा गया है। एमआरएनए (मैसेंजर राइबोज न्यूक्लिक एसिड) एक जेनेटिक कोड का छोटा हिस्सा है, जो शरीर की कोशिकाओं में प्रोटीन बनाता है। जब शरीर पर वायरस या बैक्टीरिया हमला करता है तो एमआरएनए कोशिकाओं को उसका प्रतिरोध करने के लिए प्रोटीन बनाने का संदेश देती है। ऐसे में शरीर के प्रतिरक्षण प्रणाली को जरूरी प्रोटीन मिलने को ही एंटीबाडी बनना कहते हैं।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


कृष्ण प्रकटोत्सव पर प्रदेशभर के वरिष्ठ पत्रकार सम्मानित

By Reporter 5 / September 6, 2026 / 0 Comments
श्यामा श्याम धाम ट्रस्ट ने पत्रकारिता, समाजसेवा और बाल वीरता को किया सम्मानित   दुर्ग। श्री श्यामा श्याम धाम ट्रस्ट उमरपोटी, दुर्ग द्वारा कृष्ण प्रकटोत्सव के अवसर पर आयोजित समारोह में प्रदेशभर से पहुंचे वरिष्ठ पत्रकारों को उत्कृष्ट पत्रकारिता के...

जन्माष्टमी पर कृष्णमय हुआ रायपुर, मुख्यमंत्री साय ने किया शंख अभिषेक

By Reporter 5 / September 4, 2026 / 0 Comments
रायपुर । राजधानी रायपुर के टाटीबंध स्थित इस्कॉन रायपुर के श्री श्री राधा रासबिहारी जी मंदिर में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महा-महोत्सव भक्ति और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय शुक्रवार को महोत्सव में शामिल हुए। उन्होंने...

स्किन की करें ऐसे देख भाल, चमकने लगेगी आपकी त्वचा

By User 6 / September 4, 2026 / 0 Comments
मौसम बदलने के साथ त्वचा से जुड़ी कई समस्याएं बढ़ने लगती हैं। तेज धूप, उमस, पसीना और धूल-मिट्टी की वजह से चेहरा डल और ऑयली दिखने लगता है। ऐसे में ज्यादातर लोग ग्लोइंग और साफ त्वचा पाने के लिए महंगे...

रेलवे लाइन के किनारे नाले में एक युवक का शव, इलाके में फैली सनसनी

By User 6 / September 4, 2026 / 0 Comments
मनेन्द्रगढ़। छत्तीसगढ़ के मनेन्द्रगढ़ में शुक्रवार सुबह हड़कंप मच गया. खबर है कि रेलवे लाइन के किनारे नाले में एक युवक का शव मिला. शव मिलने की खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई. आसपास के लोगों...

हरतालिका तीज व्रत 2026: 14 या 15 सितंबर, कब मनाई जाएगी हरतालिका तीज, जानें क्या कहता है पंचाग

By User 6 / September 6, 2026 / 0 Comments
हरतालिका तीज का व्रत भाद्रपद शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि पर रखा जाता है। इस दिन महिलाएं निर्जला व्रत रखती हैं और विधि-विधान से पूरे शिव परिवार की उपासना करती हैं। इस बार तीजा के व्रत किए जाने को लेकर...

बंजर जमीन पर ग्राफ्टेड खेती ने बदली किसान की किस्मत, कमाए 4.25 लाख  

By Reporter 5 / September 5, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में आधुनिक कृषि तकनीकों का इस्तेमाल किसानों के लिए नई संभावनाएं खोल रहा है। रायगढ़ जिले के लैलूंगा विकासखंड के ग्राम झारआमा के किसान एतवार साय पैकरा ने ग्राफ्टेड टमाटर और बैंगन की खेती से सफलता की मिसाल...

सुकमा के मेटागुड़ा पहुंचे कलेक्टर, ग्रामीणों की समस्याओं पर तुरंत हुई कार्रवाई

By User 6 / September 6, 2026 / 0 Comments
सुकमा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान उनके गांव में ही सुनिश्चित करने की दिशा में सुकमा जिला प्रशासन ने संवेदनशील पहल की है। दो दिन पहले मेटागुड़ा गांव के ग्रामीण स्कूल, आंगनबाड़ी भवन और अन्य...

महाकाल की नगरी की बेटी, विश्व ताज की दावेदार

By Reporter 5 / September 5, 2026 / 0 Comments
  देवी के स्वरूप में ‘डांस ऑफ द वर्ल्ड’ में बिखेरी भारतीय संस्कृति की छटा, आज मिस वर्ल्ड के ताज के लिए 111 सुंदरियों के बीच मुकाबला ==उज्जैन से अशोक महावर उज्जैन। महाकाल की नगरी उज्जैन की बेटी निकिता पोरवाल...

कोसा और हथकरघा को मिलेगा नया बाजार, टेक्सटाइल निवेश पर CM साय की बड़ी पहल

By Reporter 5 / September 4, 2026 / 0 Comments
नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ में टेक्सटाइल उद्योग को बढ़ावा देने और रोजगार के नए अवसर सृजित करने की दिशा में राज्य सरकार ने पहल तेज कर दी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शुक्रवार को नई दिल्ली में केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज...

रायपुर में निगम की बड़ी कार्रवाई, चंगोराभाठा में अवैध निर्माण हटाया

By User 6 / September 8, 2026 / 0 Comments
रायपुर। रायपुर नगर पालिक निगम ने अनुमति के विपरीत किए जा रहे निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करते हुए चंगोराभाठा रिंग रोड नंबर-1 क्षेत्र में निर्माणाधीन व्यावसायिक भवन को हटाया। नगर निगम के नगर निवेश विभाग ने संबंधित निर्माणकर्ता को नियमानुसार...