कोई दीवाना कहता है तो कोई पागल समझता है, मगर धरती की बेचैनी को बस बादल समझता है। इस कविता का जिक्र हो तो बताना भी नहीं पड़ता कि बात किसकी हो रही है, क्योंकि वह कोई और नहीं कुमार विश्वास हैं। वह अपनी कविताओं से युवाओं के दिलों पर राज कर चुके हैं। साथ ही, एजुकेशन से लेकर राजनीति के मैदान में अपना विश्वास दिखा भी चुके हैं।
उत्तर प्रदेश के पिलखुवा शहर में 10 फरवरी के दिन ब्राह्मण परिवार में जन्मे कुमार विश्वास किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। उनकी गिनती देश के उन प्रमुख और प्रभावशाली कवियों में होती है, जो अपनी कविता से हर दिल में जोश जगाने का माद्दा रखते हैं। इसके अलावा तीखी राजनीतिक टिप्पणियां हों या गहरी सांस्कृतिक अंतर्दृष्टि या धर्म पर गहन चिंतन, हर क्षेत्र में कुमार विश्वास का कोई सानी नहीं है। उनकी कविताएं हर किसी के दिल में इस कदर उतरती हैं कि हर कोई उनका दीवाना बन जाता है।
पिलखुवा के लाला गंगा सहाय स्कूल से शुरुआती पढ़ाई-लिखाई करने वाले कुमार विश्वास ने पिलखुवा के राजपूताना रेजिमेंट इंटर कॉलेज से माध्यमिक शिक्षा पूरी की थी। इसके बाद हिंदी साहित्य में पोस्ट ग्रैजुएशन और पीएचडी की। कुमार विश्वास का करियर 1994 के दौरान राजस्थान यूनिवर्सिटी में बतौर प्रवक्ता शुरू हुआ था। इसके बाद 2007 में उनकी किताब कोई दीवाना कहता है प्रकाशित हुई, जिसने उन्हें हर दिल का अजीज बना दिया और वह मंच के महारथी बन गए। 2011 में वह अन्ना हजारे के जनलोकपाल आंदोलन से जुड़े तो उनके कदम राजनीति में भी आ गए।
26 नवंबर 2012 के दिन जब दिल्ली में आम आदमी पार्टी का गठन हुआ, तब वह उसकी राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य थे। इसके बाद उन्होंने अमेठी सीट से लोकसभा चुनाव भी लड़ा था, लेकिन हार गए। कुछ समय तक वह राजनीति में एक्टिव रहे। बाद में इससे दूरी बना ली। कुमार विश्वास कहते हैं कि सियासत में मेरा खोया या पाया हो नहीं सकता। सृजन का बीज हूं मिट्टी में जाया हो नहीं सकता। वह कहते हैं कि राजनीति 10 साल या पांच साल, लेकिन कविता हजार साल।
CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.
By User 6 /
October 4, 2026 /
बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के छेरकाडीह स्कूल में शिक्षा के साथ संस्कार, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जागरूकता पर जोर; विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए कर रहीं निरंतर प्रयास पलारी, बलौदाबाजार-भाटापारा। शिक्षा का उद्देश्य केवल किताबी ज्ञान देना ही नहीं, बल्कि...
By User 6 /
October 7, 2026 /
बलरामपुर : जिले से बेहद डरावनी खबर सामने आई हैं, जिसमें पता चला है एक पति ने अपनी पत्नी की हत्या कर दी है. पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार डवरा चौकी पहुंचकर एक इंसान ने अपने भाई के लापता...
By User 6 /
October 6, 2026 /
रायपुर। दुर्ग जिले के सेलूद में सोमवार को उस समय स्कूली विद्यार्थियों के चेहरे खिल उठे, जब स्कूल की छुट्टी के बाद घर लौट रहे बच्चों के बीच शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव अचानक पहुंच गए। मंत्री ने बच्चों के साथ...
By Reporter 5 /
October 8, 2026 /
मुंबई/गोवा। भारतीय सिनेमा के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का 75 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। अभिनेता ने 8 अक्टूबर 2026 की सुबह गोवा स्थित अपने आवास पर अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से हिंदी और मराठी...
By User 6 /
October 7, 2026 /
रायपुर। बस्तर में पहली बार राष्ट्रीय सहकारिता सम्मेलन का आयोजन होने जा रहा है। भारत सरकार के सहकारिता मंत्रालय की ओर से 8 और 9 अक्टूबर को जगदलपुर में आयोजित होने वाले इस सम्मेलन में देशभर के वरिष्ठ अधिकारी ‘सहकार...
By User 6 /
October 4, 2026 /
रायपुर। सेवा संकल्प अभियान एवं स्वच्छता ही सेवा 2026 के तहत सूरजपुर जिले के नगर पंचायत शिवनंदनपुर में जनभागीदारी से विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान में महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने आंबेडकर चौक...
By User 6 /
October 3, 2026 /
रायपुर। जब सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ सही समय पर जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचता है, तो आर्थिक सहायता से कहीं बढ़कर यह उनके सपनों को आगे बढ़ाने का माध्यम बन जाता है। छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के विकासखंड बिलाईगढ़...
By User 6 /
October 4, 2026 /
मुंबई: बॉलीवुड एक्ट्रेस नुसरत भरुचा बाली में हादसे का शिकार हो गईं। चोट लगने के बाद उन्हें तुरंत बाली के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया। अब उनकी टीम ने हेल्थ अपडेट दिया है। खबर है कि रीढ़ की हड्डी...
By User 6 /
October 5, 2026 /
रायपुर। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के पेंड्रा विकासखंड के दूरस्थ वनांचल ग्राम बम्हनी की 40 वर्षीय ईश्वरी मरकार के जीवन में महतारी वंदन योजना आर्थिक सहारे से आगे बढ़कर आत्मनिर्भरता का आधार बन गई है। हर महीने बैंक खाते में मिलने वाली...
By User 6 /
October 4, 2026 /
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बस्तर में आईईडी विस्फोटों से प्रभावित दिव्यांग लोगों के जीवन को आसान बनाने के लिए राज्य सरकार ने बड़ी पहल की है। बस्तर संभाग में दो चरणों में विशाल निःशुल्क दिव्यांग सेवा शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन...