Google Analytics Meta Pixel सेहत की अनदेखी से बढ़ रहीं पेट और सांस की समस्याएं, अपान वायु मुद्रा से मिलेगी राहत - Ekhabri.com

सेहत की अनदेखी से बढ़ रहीं पेट और सांस की समस्याएं, अपान वायु मुद्रा से मिलेगी राहत

आज की तेज रफ्तार जिंदगी में सेहत सबसे बड़ा मुद्दा बन चुकी है। गलत खानपान, अनियमित दिनचर्या, तनाव और शारीरिक गतिविधियों की कमी का सीधा असर हमारे पाचन और सांस से जुड़ी समस्याओं पर पड़ता है। गैस, अपच, पेट फूलना और बार-बार हिचकी आना अब आम परेशानी बन गई है।

 

 

हिचकी आना हमारे शरीर की एक स्वाभाविक क्रिया है, लेकिन जब यह बार-बार या लंबे समय तक होने लगे, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। विशेषज्ञों के अनुसार, हिचकी तब आती है जब डायफ्राम अचानक सिकुड़ जाता है और सांस लेने की प्रक्रिया में रुकावट पैदा होती है। इसकी सबसे बड़ी वजह पाचन तंत्र का ठीक से काम न करना है। बहुत ज्यादा खाना, जल्दी-जल्दी भोजन करना, तला-भुना या भारी भोजन, शराब का अधिक सेवन, तनाव, घबराहट और कभी-कभी ज्यादा उत्साह भी हिचकी को बढ़ा देता है।

 

 

योग शास्त्रों में शरीर के अंदर पांच प्रकार की वायु का वर्णन किया गया है, जिनमें अपान वायु का संबंध पेट के निचले हिस्से से होता है। यह वायु मल-मूत्र त्याग, गैस निकालने और शरीर से विषैले तत्व बाहर निकालने का काम करती है। जब अपान वायु असंतुलित हो जाती है, तो गैस, कब्ज, अपच और हिचकी जैसी समस्याएं होने लगती हैं। अपान वायु मुद्रा इसी वायु को संतुलित करने के लिए बनाई गई है। यह मुद्रा शरीर की अंदरूनी ऊर्जा को सही दिशा देती है और पाचन तंत्र को मजबूत बनाती है।

 

 

अपान वायु मुद्रा को करना बेहद सरल है। इसे जमीन पर आसन लगाकर या कुर्सी पर सीधे बैठकर किया जा सकता है। सबसे पहले रीढ़ की हड्डी को सीधा रखा जाता है ताकि शरीर में ऊर्जा का प्रवाह ठीक से हो सके। आंखें बंद कर कुछ देर गहरी और धीमी सांस ली जाती है। इसके बाद हाथों की उंगलियों से मुद्रा बनाई जाती है। तर्जनी उंगली को मोड़ लिया जाता है, मध्य और अनामिका उंगली को अंगूठे से मिलाया जाता है और छोटी उंगली को सीधा रखा जाता है। इस स्थिति में शांत मन से सांस पर ध्यान दिया जाता है।

Read Also  बाड़ी में नाग नागिन का प्रेमालाप करते वीडियो वायरल

 

 

छोटी-सी दिखने वाली हिचकी जब रुकने का नाम नहीं लेती, तो यह व्यक्ति को मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान कर देती है। ऐसी समस्याओं के समाधान के लिए योग और आयुर्वेद सबसे सुरक्षित तरीका हैं। आयुष मंत्रालय के मुताबिक, अपान वायु मुद्रा हिचकी और पाचन से जुड़ी दिक्कतों में बेहद लाभकारी है।

 

 

आयुष मंत्रालय के अनुसार, जब यह मुद्रा की जाती है, तो हाथों की उंगलियों के जरिए शरीर के विशेष ऊर्जा बिंदु सक्रिय होते हैं। इससे पेट और छाती के बीच संतुलन बनता है और डायफ्राम रिलेक्स होने लगता है। यही कारण है कि हिचकी धीरे-धीरे अपने आप रुक जाती है। यह मुद्रा पेट में फंसी गैस को बाहर निकालने में मदद करती है और पाचन क्रिया को सुधारती है।

 

 

अपान वायु मुद्रा के फायदे केवल हिचकी तक सीमित नहीं हैं। नियमित अभ्यास से पेट संबंधी रोगों में राहत मिलती है, जैसे गैस, एसिडिटी और कब्ज। यह मुद्रा हृदय के लिए भी लाभकारी मानी जाती है, क्योंकि इससे रक्त संचार बेहतर होता है। मानसिक तनाव कम होता है और मन शांत रहता है। सही तरीके से सांस लेते हुए यह मुद्रा करने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और शरीर खुद को बीमारियों से बचाने में सक्षम बनता है।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


विश्वविख्यात पंडवानी गायिका तीजन बाई को विधानसभा में नमन

By User 6 / July 13, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 13 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ विधानसभा के पावस सत्र के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पद्म विभूषण से सम्मानित विश्वविख्यात पंडवानी गायिका डॉ. तीजन बाई के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।   सदन...

जुगाड़ तकनीक से किसान ने बनाई सीड ड्रिल, बढ़ी उम्मीद

By User 6 / July 15, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 15 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ में खेती को आधुनिक और लाभकारी बनाने की दिशा में एक और प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है। राज्य सरकार की कृषि योजनाओं और किसानों की नवाचारी सोच के चलते अब खेती में तकनीकी बदलाव साफ...

राजधानी रायपुर समेत प्रदेश में बारिश के अलर्ट, झमाझम होगी बारिश

By User 6 / July 17, 2026 / 0 Comments
रायपुर. बीते दिन से राजधानी रायपुर का मौसम खुशनुमा हो गया है,पिछले कुछ दिनों के ब्रेक के बाद प्रदेश में बारिश का सिलसिला दोबारा शुरू हो गया है। राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में शुक्रवार सुबह से बादल छाए रहे...

शनि की वक्री चाल पड़ सकती है भारी ,137 दिनो तक इन राशि के लोग रहें सावधान

By User 6 / July 15, 2026 / 0 Comments
शनि की चाल हमारे जीवन मे बेहद असर डालती है। इस बार न्याय के देवता शनिदेव 27 जुलाई से वक्री होने जा रहे हैं। यानी वे सीधी चाल छोड़कर उल्टी दिशा में गति करेंगे, इसका असर कई राशियों में देखने...

रायपुर पुलिस कमिश्नरेट में बड़ा फेरबदल, गृह विभाग ने जारी किए आदेश

By User 6 / July 13, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने रायपुर पुलिस कमिश्नरेट में फेरबदल की खबर सामने आई है।इसके लिए गृह विभाग द्वारा आदेश जारी कर दिया गया है। जारी आदेश के अनुसार तारकेश्वर पटेल को रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के डीसीपी सेंट्रल जोन की जिम्मेदारी...

कल से है गुप्त नवरात्रि, साधना और जाप का है विशेष महत्व

By User 6 / July 14, 2026 / 0 Comments
रायपुर. आषाढ़ मास का गुप्त नवरात्र 15 जुलाई से शुरू होगा। नौ देवियों और 10 महाविद्याओं की देवियों की आराधना होगी। श्रद्धालु कलश स्थापना के साथ घरों में पूजन-अर्चन करेंगे। वहीं, साधक तांत्रिक साधना करेंगे। 23 जुलाई को नवरात्र की...

रेलवे स्टेशन में चलती ट्रेन में होने वाला था बड़ा हादसा, आरपीएफ के जवान ने बचाई यात्री की जान

By User 6 / July 12, 2026 / 0 Comments
रायपुरा। राजनांदगांव रेलवे स्टेशन पर एक बड़ा हादसा टल गया.एक जाबाज़ आरपीएफ के एक जवान की तत्परता ने एक 52 वर्षीय यात्री की जान बचा ली. घटना आठ जुलाई की है, जब ट्रेन संख्या 12101 स्टेशन से रवाना हो रही...

विधानसभा में जमकर हुआ हंगामा, राममंदिर चंदा चोरी पर चली जमकर बहस

By User 6 / July 13, 2026 / 0 Comments
रायपुर। अयोध्या में नवनिर्मित राम मंदिर के चंदे में चोरी के मामले को लेकर सोमवार को छत्तीसगढ़ विधानसभा में जमकर हंगामा हुआ। विपक्षी कांग्रेस सदस्यों ने आरोप लगाया कि जनता की आस्था से खिलवाड़ हुआ है और काम रोको प्रस्ताव...

छात्र को तेज रफ्तार कार ने मारी, कई फिट ऊपर उछलने के बाद हुई मौत

By User 6 / July 13, 2026 / 0 Comments
बिलासपुर। न्यायधानी बिलासपुर में तेज रफ्तार कार ने एक छात्र की जिंदगी छीन ली। रविवार सुबह वेयरहाउस रोड स्थित संजीवनी अस्पताल के सामने हुए सड़क हादसे में 17 वर्षीय छात्र की मौत हो गई। घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आने...

आज है भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा,जानिए क्यों है यह इतनी खास

By User 6 / July 16, 2026 / 0 Comments
पुरी। आज भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा है. हर साल अपनी मौसी के घर जाना जाते है. रथयात्रा के दौरान भगवान जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा श्रीमंदिर से निकलकर गुंडिचा मंदिर पहुंचते हैं, जहां वे लगभग सात...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *