Google Analytics Meta Pixel धान खरीदी का साल दर साल बन रहा नया कीर्तिमान - Ekhabri.com

धान खरीदी का साल दर साल बन रहा नया कीर्तिमान

बीते 3 साल में लिए गए क्रांतिकारी फैसले: किसान हुए खुशहाल
बढ़ा खेती-किसानी का रकबा, बढ़ी आमदनी
रायपुर। गढ़बो नवा छत्तीसगढ़ की परिकल्पना को साकार करने मेहनतकश किसानों-ग्रामीणों और मजदूरों के दुख-दर्द समझने वाली सरकार के रूप में छत्तीसगढ़ ने देश में एक अलग छवि बना ली है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में किसान हितैषी फैसलों और निर्णयों से महज 36 माह में कई उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। छत्तीसगढ़ की मौसम और जलवायु के साथ-साथ लगभग 80 प्रतिशत लोगों की खेती-किसानी पर निर्भरता को देखते हुए नई सरकार ने खेती-किसानी को लाभकारी बनाने का निर्णय लिया। खेती-किसानी में आधुनिक तौर-तरीके के इस्तेमाल और किसानों को उनकी उपज का सही मूल्य दिलाने के लिए राजीव गांधी किसान न्याय योजना के तहत इनपुट सब्सिडी देने का फैसला क्रांतिकारी सिद्ध हुआ। यही कारण है कि छत्तीसगढ़ में इन 36 माह में समर्थन मूल्य में धान खरीदी का साल दर साल नए कीर्तिमान बनते गए।
छत्तीसगढ़ ने देश में एक अलग छवि बना ली
किसानों-ग्रामीणों और मजदूरों के दुख-दर्द समझने वाली सरकार के रूप में छत्तीसगढ़ ने देश में एक अलग छवि बना ली है। छत्तीसगढ़ में किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज पर खेती-किसानी के लिए सहकारी समिति से ऋण और समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के साथ-साथ इनपुट सब्सिडी देने का परिणाम यह हुआ कि खरीफ विपणन वर्ष 2020-21 रिकॉर्ड 92 लाख मीटरिक टन धान खरीदी की गई। ऐसे किसान जो खेती-किसानी छोड़ चुके थे, वे अब खेती-किसानी की ओर लौटने लगे हैं। राज्य में कुल कृषि का रकबा बढ़कर 29.85 लाख हेक्टेयर हो गया है। किसानों की माली हालत में भी काफी सुधार हुआ है। राज्य के किसान अब बेहतर ढंग से खेती-किसानी करने लगे हैं इसकी बानगी चालू खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 में धान बेचने के लिए किसानों के पंजीकरण से देखा जा सकता है। इस वर्ष राज्य में 24 लाख 9 हजार 453 किसानों ने पंजीयन कराया है।
इस बार 105 लाख मीटरिक टन धान की समर्थन मूल्य पर खरीदी का अनुमान
छत्तीसगढ़ के इतिहास में चालू खरीफ सीजन में 105 लाख मीटरिक टन धान की समर्थन मूल्य पर खरीदी का अनुमान है। राज्य सरकार के द्वारा किसानों से न केवल खरीदी की सुनिश्चित व्यवस्था की है, बल्कि उन्हें तत्काल भुगतान की व्यवस्था भी की गई है। किसानों को उनके बैंक खातों के जरिये आॅनलाईन भुगतान किया जा रहा है। धान खरीदी को लेकर किसी भी किसान को दिक्कत न हो इसके लिए सभी कलेक्टरों को निदेश दिए गए हैं।
इस वर्ष 88 नवीन धान खरीदी केन्द्र प्रारंभ किए गए
किसानों-ग्रामीणों की सहूलियतों को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष 88 नवीन धान खरीदी केन्द्र प्रारंभ किए गए हैं। इस वर्ष 2 हजार 399 धान खरीदी केन्द्रों में धान उपार्जन की व्यवस्था की गई है। किसानों को धान खरीदी केन्द्रों में भीड़भाड़ और लंबी लाईन से निजात मिलेगी, वहीं परिवहन व्यय भी कम होगा। समय व पैसे की बचत भी होगी। चालू खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 के तहत समर्थन मूल्य पर किसानों से धान की नकद एवं लिंकिंग के माध्यम सें खरीदी एक दिसम्बर 2021 से 31 जनवरी 2022 तक तथा मक्का की खरीदी एक दिसम्बर 2021 से 28 फरवरी 2022 तक की जाएगी। खरीफ विपणन वर्ष 2021-22 के लिए औसत अच्छी किस्म के धान के लिए समर्थन मूल्य की दर, धान कॉमन 1940 रूपए प्रति क्विंटल, धान ग्रेड ए 1960 रूपए प्रति क्विंटल तथा औसत अच्छी किस्म के मक्का का समर्थन मूल्य 1870 रूपए प्रति क्विंटल का दर निर्धारित है।
48 लाख 20 हजार हेक्टेयर से अधिक रकबे में विभिन्न्न फसलों की बोनी
राज्य सरकार द्वारा खेती-किसानी को लगातार बढ़ावा दिए जाने के फलस्वरूप इस वर्ष खरीफ सीजन में करीब 48 लाख 20 हजार हेक्टेयर से अधिक रकबे में विभिन्न्न फसलों की बोनी हुई है। इनमें धान के अलावा दलहन, तिलहन, मक्का, सोयाबीन की फसल शामिल है। राज्य में 3.42 लाख हेक्टेयर में दलहन, 2 लाख हेक्टेयर में तिलहन, 1.50 लाख हेक्टेयर में साग-सब्जियों की खेती की गई है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में सरकार बनते ही सर्वप्रथम किसानों के हित में फैसला लेते हुए किसानों के अल्पकालीन कृषि ऋण लगभग 10 हजार करोड़ रूपए माफ किया गया, वहीं किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी कर अंतर की राशि सब्सिडी अनुदान राजीव गांधी न्याय योजना के माध्यम से देकर सीधे किसानों के जेब में पैसे डालने का काम किया। यही कारण है कि देश और दुनिया में आर्थिक मंदी होने के बावजूद भी छत्तीसगढ़ में इसका प्रभाव नहीं पड़ा।
कोरोना काल के दौरान भी राज्य खेती-किसानी, उद्योग-धंधे चलते रहे
कोरोना काल के दौरान भी राज्य खेती-किसानी, उद्योग-धंधे चलते रहे। सरकार द्वारा अर्थव्यवस्था को गतिमान रखने के लिए सभी सेक्टरों को विशेष रियायत और छूट दी गई है। इससे ग्रामीण के साथ-साथ शहरी अर्थव्यवस्था को मजबूती मिली। यही कारण है कि राज्य के अर्थव्यवस्था में अन्य राज्यों की तुलना में आर्थिक मंदी का कोई प्रभाव नहीं पड़ा। सरकार की किसान हितैषी नीतियों से इन तीन सालों में छत्तीसगढ़ राज्य में खेती-किसानी खूब फली-फूली और समृद्ध हुई है। पहले साल लगभग 83 लाख मीटरिक टन धान खरीदी की गई इसी प्रकार दूसरे साल रिकॉर्ड 92 लाख मीटरिक टन धान खरीदी हुई। इस वर्ष 105 लाख मीटरिक टन धान खरीदी की उम्मीद है। सरकार की इन नीतिगत फैसलों और कार्यों से समाज के सभी वर्गो का न्याय के साथ निरंतर विकास हो रहा है। गरीब, मजदूर, किसान, व्यापारी इन सभी वर्गो के हित में किए जा रहे कार्यों से नवा छत्तीसगढ़ गढ़ने का सपना साकार हो रहा है।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


देश में बढ़ रहे तेजी से H1N1 के मामलों, कही आपको भी तो नहीं है यह लक्षण

By User 6 / August 11, 2026 / 0 Comments
दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर में इस मॉनसून इन्फ्लूएंजा, खासकर H1N1 के मामलों में तेज़ बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। पिछले साल इसी अवधि में जहां H1N1 के 229 मामले सामने आए थे, वहीं इस साल अब तक 1,344 मामले दर्ज किए...

रायपुर में सुकमा की पुनर्वासित बेटियों ने रैंप पर दिखाई नई पहचान

By User 6 / August 8, 2026 / 0 Comments
रायपुर।छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में आयोजित राष्ट्रीय हथकरघा दिवस कार्यक्रम के दौरान एक भावुक और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला। पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित इस कार्यक्रम में सुकमा जिले के चिंतलनार की पुनर्वासित बेटियों ने पहली बार बड़े...

12 अगस्त की तारीख रखे याद, उस दिन पड़ने वाला है सूर्य ग्रहण

By User 6 / August 10, 2026 / 0 Comments
इस साल का दूसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण 12 अगस्त को लगने जा रहा है। खगोलीय और ज्योतिषीय दृष्टि से इस सूर्य ग्रहण को खास माना जा रहा है। कई राशियों में इसका असर नजर आएगा। भारतीय समय के अनुसार...

राजनादगांव में ED की दबिश, जानिए कहां कहां पड़ा छापा

By User 6 / August 13, 2026 / 0 Comments
राजनांदगांव। प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने गुरुवार तड़के राजनांदगांव में कई ठिकानों पर एक साथ दबिश दी। जानकारी के मुताबिक भोपाल और रायपुर से पहुंची ईडी की अलग-अलग टीमों ने शहर से लगे तीन स्थानों पर कार्रवाई शुरू की।...

महतारी वंदन योजना से महिलाओं में बढ़ा आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता

By User 6 / August 9, 2026 / 0 Comments
रायपुर ।छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तीकरण की दिशा में संचालित महतारी वंदन योजना महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। राज्य सरकार की इस पहल से महिलाओं को आर्थिक संबल मिलने के साथ-साथ आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता भी मजबूत हो...

पुलिस भर्ती मुख्य परीक्षा की तारीख बदली छत्तीसगढ़ में

By User 6 / August 11, 2026 / 0 Comments
रायपुर। शिक्षक भर्ती परीक्षा और पुलिस भर्ती मुख्य परीक्षा की तारीख एक ही दिन पड़ने से अभ्यर्थियों की परेशानी को देखते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर सूबेदार, उप निरीक्षक संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर मुख्य परीक्षा की तारीखों...

महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त, 67 लाख महिलाओं को लाभ

By User 6 / August 8, 2026 / 0 Comments
रायपुर । छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण को मजबूती देते हुए राज्य सरकार ने महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त जारी कर दी है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री निवास कार्यालय से 67 लाख 20 हजार 125 पात्र महिलाओं के...

उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व में एआई आधारित स्मार्ट सर्विलांस सिस्टम शुरू

By User 6 / August 8, 2026 / 0 Comments
रायपुर।छत्तीसगढ़ में वन और वन्यजीव संरक्षण को और अधिक मजबूत बनाने के लिए अत्याधुनिक तकनीक का उपयोग शुरू हो गया है। उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व में एआई (कृत्रिम बुद्धिमत्ता) आधारित स्मार्ट सर्विलांस सिस्टम का ट्रायल शुरू किया गया है। यह नई...

कोशल फैब लॉन्च, 10.90 करोड़ सहायता, बुनकरों को नई पहचान

By User 6 / August 8, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 7 अगस्त 2026। राष्ट्रीय हथकरघा दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित प्रदेश स्तरीय बुनकर सम्मेलन एवं स्वदेशी प्रदर्शनी में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ के प्रीमियम हैंडलूम ब्रांड ‘कोशल फैब’का शुभारंभ...

उज्जैन से लौट रहे भक्तों की गाड़ी ईको को कंटेनर में मारा ठोकर, 6 की मौत

By User 6 / August 9, 2026 / 0 Comments
उज्जैन। महाकाल दर्शन कर गुजरात लौट रहे श्रद्धालुओं की ईको को कंटेनर ने मारी टक्कर, 6 की मौत उज्जैन में बाबा महाकाल के दर्शन के बाद गुजरात लौट रहे श्रद्धालुओं की ईको कार को पंचकवासा के पास रॉन्ग साइड से...