छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की योजनाओं और निर्माण कार्यों की प्रगति को लेकर नवा रायपुर स्थित मंडल मुख्यालय में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष अनुराग सिंह देव ने की। इस दौरान मंडल आयुक्त अवनीश कुमार शरण सहित मुख्यालय और विभिन्न प्रक्षेत्रों के अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में अटल विहार योजना, सामान्य आवास योजना, प्रधानमंत्री सह मुख्यमंत्री आवास योजना, निक्षेप कार्य, रिडेवलपमेंट योजना और वन टाइम सेटलमेंट योजना-2 की विस्तृत समीक्षा की गई। मंडल अध्यक्ष ने प्रत्येक परियोजना की प्रगति, निर्माण कार्यों की स्थिति, पूर्ण एवं निर्माणाधीन आवासीय इकाइयों, वित्तीय स्थिति और संपत्तियों की बिक्री की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को लंबित कार्यों में तेजी लाने और सभी परियोजनाओं को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
समीक्षा बैठक में जानकारी दी गई कि मंडल की कुल संपत्तियों में से अब तक लगभग 77 प्रतिशत का विक्रय किया जा चुका है। वहीं, वर्तमान में मंडल की 888 करोड़ रुपये की बुकिंग लाइव है। इसे मंडल की आवासीय योजनाओं के प्रति नागरिकों की रुचि और मांग के रूप में देखा जा रहा है।
बैठक में शहरी क्षेत्रों की आवासीय परिसंपत्तियों के बेहतर उपयोग और पुनर्विकास के लिए संचालित रिडेवलपमेंट योजनाओं की भी समीक्षा हुई। मंडल द्वारा कुल 10 रिडेवलपमेंट योजनाओं पर काम किया जा रहा है। इनमें से पांच योजनाओं के टेंडर जारी किए जा चुके हैं, जबकि शेष पांच योजनाओं को मंत्रिपरिषद की स्वीकृति मिल चुकी है।
वन टाइम सेटलमेंट योजना-2 की प्रगति की जानकारी देते हुए अधिकारियों ने बताया कि इसके तहत अब तक लगभग 65 प्रतिशत बुकिंग हो चुकी है। दुर्ग और बिलासपुर प्रक्षेत्रों ने 80 प्रतिशत से अधिक बुकिंग का लक्ष्य हासिल किया है। मंडल अध्यक्ष ने बेहतर प्रदर्शन करने वाले प्रक्षेत्रों की सराहना करते हुए अन्य क्षेत्रों को भी संपत्तियों की बुकिंग बढ़ाने के निर्देश दिए।
बैठक में मंडल अध्यक्ष ने भविष्य में विकसित की जाने वाली सभी नई आवासीय कॉलोनियों में डिपार्टमेंटल स्टोर के लिए अनिवार्य रूप से स्थान आरक्षित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे कॉलोनी में रहने वाले लोगों को दैनिक उपयोग की वस्तुएं और जरूरी सुविधाएं परिसर में ही उपलब्ध हो सकेंगी।
पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए प्रत्येक आवासीय कॉलोनी में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत पौधरोपण करने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि आवासीय योजनाओं का उद्देश्य केवल मकानों का निर्माण करना नहीं, बल्कि नागरिकों को बेहतर जीवनशैली, आवश्यक सुविधाएं और स्वच्छ एवं हरित वातावरण उपलब्ध कराना भी होना चाहिए।
मंडल आयुक्त अवनीश कुमार शरण ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्धता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्यों में लापरवाही बरतने और निर्धारित गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जरूरत पड़ने पर संबंधित ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने और उनके ठेके निरस्त करने की कार्रवाई भी की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों को सभी निर्माणाधीन परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करने, कार्यों में तेजी लाने और निर्धारित समय-सीमा में निर्माण पूरा कराने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। कार्यों में अनावश्यक देरी करने वाले जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित पक्षों की जवाबदेही भी तय की जाएगी।
बैठक के अंत में मंडल अध्यक्ष और आयुक्त ने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने, संपत्तियों की बिक्री में तेजी लाने और आम नागरिकों को बेहतर आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। इस अवसर पर मंडल के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दीपावली की अग्रिम शुभकामनाएं भी दी गईं।










