Google Analytics Meta Pixel हजारों की संख्या में नक्सलियों ने निकाली रैली, दबाव बनाकर ग्रामीणों को भी किया शामिल - Ekhabri.com

हजारों की संख्या में नक्सलियों ने निकाली रैली, दबाव बनाकर ग्रामीणों को भी किया शामिल

बस्तर। छत्तीसगढ़ के बस्तर में बीते  नक्सलियों ने रैली निकाली। अपने शहीदी सप्ताह के आखिरी दिन नक्सली दक्षिण बस्तर के एक गांव में लगभग 10 हजार से अधिक ग्रामीणों के साथ बड़े कैडर के हथियारबंद नक्सली विशाल रैली निकालते नजर आए. यह वीडियो लगातार सोशल मीडिया में वायरल के साथ चर्चा का विषय बना हुआ है. बताया जा रहा है कि इस रैली में छत्तीसगढ़ और तेलंगाना दोनों ही राज्यों के बड़े कैडर के नक्सली शामिल है। दरअसल, नक्सली हर साल जुलाइ से अगस्त के बीच अपने मारे गए साथियों को श्रद्धांजलि देने के लिए ये सप्ताह मनाते हैं. हालांकि अब तक बस्तर में इस तरह का आयोजन छोटे लेवल पर ही देखा गया है. लेकिन इस वर्ष नक्सली इतने बड़े जन सैलाब के साथ नजर आ रहे हैं तो ऐसे में पुलिस के दावों पर सवाल उठता है। रैली में चेतना नाट्य मंडली की टीम गाना गाते हुए रैली में शामिल हुई थी। बस्तर के बीहड़ों में करीब 10 किलोमीटर की रैली में चेतना नाट्य मंडली के क्रांति गीत भी गूंजते नजर आए नक्सलियों के साथ हजारों ग्रामीण भी रैली में शामिल थे। सूत्रों की मानें तो पिछले कई महीनों से बस्तर के जंगलों में नक्सलियों के इस आयोजन की तैयारी चल रही थी। साथ ही बड़े लीडर समेत दक्षिण बस्तर और तेलंगाना राज्य की सीमा के नजदीक एक जगह को नक्सलियों ने चिन्हाकित किया और ग्रामीणों की मदद से एक बड़ा मंच तैयार किया गया. इसके साथ ही नक्सलियों का एक भव्य स्मारक तैयार किया गया जो अब तक का सबसे बड़ा स्मारक बताया जा रहा है।

Read Also  पानी की जांच ने ग्रामीणों को दिखाया सच, बढ़ी स्वच्छ पेयजल की जागरूकता

पुलिस के दावों पर सवाल

तेलंगाना और छत्तीसगढ़ इन दोनों राज्यों की पुलिस दावा करती है कि नक्सली कुछ हिस्सों में सिमट कर रह गए हैं। दोनों राज्यों के बॉर्डर इलाकों में सुरक्षाबलों के कई कैंप भी खोले गए। गांव-गांव में पुलिस के इंटेलिजेंट्स टीम भी काम करती है, सूचना तंत्र भी मजबूत करने की बात पुलिस कहती है. लेकिन इसके बाद भी आधुनिक हथियारों से लैस नक्सली लीडर समेत कई नक्सली आखिर कैसे राज्यों की सीमा पार कर गए ? इस पर सवाल उठना स्वाभाविक है।

हमारा इंटेलिजेंट्स काफी मजबूत है- बस्तर आईजी

इधर इस मामले पर बस्तर आईजी सुंदरराज पी. ने कहा कि हमारा इंटेलिजेंट्स काफी मजबूत है. हमने पिछले कुछ महीनों में ही ऐसी जगहों पर कैंप स्थापित किया है जहां किसी का जाना काफी मुश्किल था। विकास पहुंचाने का काम हम लगातार बस्तर के अंदरूनी क्षेत्रों में कर रहे हैं और यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। अब ऐसे इलाकों में कोई भी व्यक्ति सातों दिन 24 घंटों में आना-जाना कर सकता है। उन्होंने कहा कि तेलंगाना के नक्सलियों का बस्तर में जमावड़ा होना आश्चर्य की बात नहीं है। वैसे भी नक्सली बाहर से ही आए हैं। मुठभेड़ में कईयों को ढेर किया है. नक्सली हर साल अपने मारे गए साथियों की याद में शहीदी सप्ताह मनाते हैं। ग्रामीणों पर दबाव बनाते हैं और अपनी सभा में शामिल करते हैं।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


सही विधि के साथ करें नवरात्र के व्रत का पारण, मिलेगी माँ की असीम कृपा 

By User 6 / October 19, 2026 / 0 Comments
दिल्ली। हिंदू धर्म में शारदीय नवरात्र का विशेष महत्व है। यह पवित्र पर्व मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना और उनका आशीर्वाद पाने के लिए बेहद शुभ माना जाता है। नवरात्र व्रत (Shardiya Navratri 2026 Vrat Paran) का पारण...

आखिर क्यों भावुक हुई मां को देख कर IPS अंकिता शर्मा

By User 6 / October 21, 2026 / 0 Comments
रायपुर. छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले की पुलिस अधीक्षक (एसपी) और अपनी दबंग छवि के लिए पहचानी जाने वाली आईपीएस अधिकारी अंकिता शर्मा आए दिन चर्चा में रहती है. आज दशहरा में शस्त्र पूजन के साथ उनका एक वीडियो और बहुत...

छत्तीसगढ़ में दीपावली की छुट्टियां बढ़ीं, अब 6 से 11 नवंबर तक स्कूल बंद

By User 6 / October 17, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों और शिक्षकों के लिए राहत भरी खबर है। राज्य शासन के स्कूल शिक्षा विभाग ने शिक्षण सत्र 2026-27 के लिए दीपावली अवकाश की अवधि बढ़ा दी है। संशोधित आदेश के अनुसार अब...

काशी पंचांग के अनुसार आज है महा अष्टमी, जानिए तिथि और मुहूर्त        

By User 6 / October 18, 2026 / 0 Comments
रायपुर। इस नवरात्र में तिथियों के घटने और बढ़ने से कंफ्यूजन बना हुआ है। अगर आप भी सप्तमी व्रत, अष्टमी व्रत और अष्टमी कन्या पूजन को लेकर कंफ्यूज हो रहे हैं तो आपको बता दें कि काशी के पंचांग में...

आज छठे स्वरूप मां कात्यायनी की पूजा-अर्चना, जानिए किस मंत्र का करें जाप 

By User 6 / October 16, 2026 / 0 Comments
शारदीय नवरात्र के छठे दिन शुक्रवार को मां दुर्गा के छठे स्वरूप मां कात्यायनी की पूजा-अर्चना की जाएगी। नवरात्र को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह का माहौल है। भक्त मां की आराधना कर सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना करेंगे। धार्मिक मान्यताओं...

भिलाई इस्पात संयंत्र को बेचने की खबरें फर्जी, मंत्रालय ने किया खंडन

By User 6 / October 19, 2026 / 0 Comments
रायपुर। भिलाई इस्पात संयंत्र (BSP) को बेचने की योजना से जुड़ी सोशल मीडिया और कुछ प्रिंट मीडिया में प्रसारित खबरों को असत्य एवं भ्रामक बताया गया है। इस्पात मंत्रालय ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से इन दावों...

महाअष्टमी पर चलगली को सौगात, मोरन नदी पर बनेगा 5.91 करोड़ का पुल

By User 6 / October 19, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के चलगली क्षेत्र के ग्रामीणों को महाअष्टमी के अवसर पर बड़ी सौगात मिली है। जनजातीय कार्य मंत्री रामविचार नेताम ने ग्राम कपिलदेवपुर में मोरन नदी पर बनने वाले उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग का विधिवत भूमिपूजन किया। लोक...

लौह खदान की तीन गाड़ियों में आग लगाने और घटनास्थल पर ‘लाल सलाम’ लिखा पर्चा

By User 6 / October 16, 2026 / 0 Comments
कांकेर। जिले से दिल दहलाने वाली ख़बर सामने आई है, यहां लौह खदान की तीन गाड़ियों में आग लगाने और घटनास्थल पर ‘लाल सलाम’ लिखा पर्चा छोड़ने के मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामला लोहत्तर...

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सारसमाल में किया कर्मा नृत्य, शिक्षा पर दिया जोर

By User 6 / October 17, 2026 / 0 Comments
रायगढ़। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि आदिवासी समाज का इतिहास शौर्य, स्वाभिमान, संघर्ष और प्रकृति के प्रति अगाध श्रद्धा का प्रतीक है। जल, जंगल और जमीन के संरक्षण की परंपरा आदिवासी संस्कृति का अभिन्न हिस्सा रही है, जो...

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सारसमाल में किया कर्मा नृत्य, शिक्षा पर दिया जोर

By User 6 / October 16, 2026 / 0 Comments
रायगढ़। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि आदिवासी समाज का इतिहास शौर्य, स्वाभिमान, संघर्ष और प्रकृति के प्रति अगाध श्रद्धा का प्रतीक है। जल, जंगल और जमीन के संरक्षण की परंपरा आदिवासी संस्कृति का अभिन्न हिस्सा रही है, जो...