Google Analytics Meta Pixel आज करें मां स्कंदमाता को प्रसन्नम बुद्धि और संतान का मिलेगा सुख - Ekhabri.com

आज करें मां स्कंदमाता को प्रसन्नम बुद्धि और संतान का मिलेगा सुख

रायपुर. शारदीय नवरात्रि का पांचवां दिन मां दुर्गा के पांचवें स्वरूप मां स्कंदमाता को समर्पित होता है। इस दिन माता रानी की पूजा पूरे विधि-विधान और श्रद्धा के साथ की जाती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां स्कंदमाता की आराधना करने से जीवन में सुख-शांति आती है। भक्तों को ज्ञान, बुद्धि और संतान सुख का आशीर्वाद मिलता है। साथ ही, जीवन की परेशानियों से मुक्ति पाने के लिए भी मां स्कंदमाता की पूजा को विशेष फलदायी माना जाता है।

 

पंचमी तिथि

 

पंचमी तिथि प्रारंभ: 15 अक्टूबर 2026 को रात 1 बजकर 14 मिनट से।

पंचमी तिथि समाप्त: 16 अक्टूबर 2026 को रात 3 बजकर 26 मिनट तक।

अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11 बजकर 49 मिनट से दोपहर 12 बजकर 35 मिनट तक।

ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4 बजकर 51 मिनट से सुबह 5 बजकर 39 मिनट तक।

अमृत काल: रात 8 बजकर 58 मिनट से रात 10 बजकर 45 मिनट तक।

 

मां स्कंदमाता का स्वरूप कैसा है?

मां स्कंदमाता का स्वरूप बहुत ही सुंदर और शांत है। इन्‍हें माता पार्वती का ही स्‍वरूप माना जाता है। इस स्‍वरूप में माता रानी अपने पुत्र भगवान स्कंद यानी कार्तिकेय को गोद में लेकर विराजमान रहती हैं। भगवान स्कंद देवताओं के सेनापति माने जाते हैं। इसी कारण माता पार्वती को स्कंदमाता के नाम से जाना जाता है।माता की चार भुजाएं हैं। इनके दो हाथों में कमल के फूल सुशोभित हैं। एक हाथ से वे बाल स्वरूप भगवान स्कंद को संभालती हैं, जबकि दूसरे हाथ से भक्तों को आशीर्वाद देती हैं। माता कमल के आसन पर विराजमान रहती हैं। इसी वजह से उन्हें पद्मासना देवी भी कहा जाता है।

Read Also  रोजगार मेले में युवाओं की बल्ले-बल्ले, 47 को मिली पक्की नौकरी

 

मां स्कंदमाता की पौराणिक कथा

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, जब संसार में राक्षसों का अत्याचार बढ़ने लगा, तब देवताओं को उनकी शक्ति से बचाने के लिए भगवान स्कंद यानी कार्तिकेय ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वे देवताओं की सेना के सेनापति बने और दुष्ट शक्तियों से युद्ध किया।भगवान स्कंद की माता होने के कारण मां पार्वती को स्कंदमाता कहा गया। मां का यह स्वरूप ममता, शक्ति और साहस का प्रतीक है। मान्यता है कि जो भक्त सच्चे मन से मां स्कंदमाता की पूजा करता है, उसे माता के साथ भगवान कार्तिकेय का आशीर्वाद भी प्राप्त होता है।

 

मां स्कंदमाता के प्रभावशाली मंत्र

नवरात्र के पांचवें दिन पूजा करते समय मां स्कंदमाता के मंत्रों का जाप करना शुभ माना जाता है। आप श्रद्धा के साथ इन मंत्रों का जाप कर सकते हैं।

 

बीज मंत्र:

 

ॐ ऐं ह्रीं क्लीं स्कन्दमातायै नमः।सामान्य मंत्र:

 

ॐ देवी स्कंदमातायै नमः।या देवी सर्वभूतेषु माँ स्कन्दमाता रूपेण संस्थिता। नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥

 

मंत्र जाप करते समय मन को शांत रखें और माता का ध्यान करें।

 

मां स्कंदमाता को क्या भोग लगाएं?

मां स्कंदमाता को केले का भोग लगाना शुभ माना जाता है। इसके अलावा पीले रंग की मिठाइयां और अन्य सात्विक पकवान भी अर्पित किए जा सकते हैं। पूजा में स्वच्छता और श्रद्धा का विशेष ध्यान रखें। भोग लगाने के बाद उसे प्रसाद के रूप में परिवार के सदस्यों में बांटें।

 

मां स्कंदमाता की पूजा से लाभ

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां स्कंदमाता की पूजा करने से घर में सुख-शांति और सकारात्मकता आती है। भक्त ज्ञान, बुद्धि, साहस और संतान सुख की कामना से माता की आराधना करते हैं। माता का आशीर्वाद परिवार में प्रेम और आपसी सद्भाव बढ़ाने की प्रेरणा देता है।

Read Also  आज करेंगे PM मोदी वाराणसी का दौरा, 6100 करोड़ की विकास परियोजनाओं की देंगे सौगात

 

मां स्कंदमाता की पूजा कैसे करें?

नवरात्रि के पांचवें दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ कपड़े पहनें। पूजा स्थल की सफाई करके मां स्कंदमाता की प्रतिमा या तस्वीर स्थापित करें। माता को फूल, अक्षत, रोली और केले का भोग अर्पित करें। इसके बाद मंत्रों का जाप करें और मां दुर्गा की आरती करें।अंत में माता से परिवार की सुख-समृद्धि और सभी के कल्याण की प्रार्थना करें। मां स्कंदमाता की पूजा हमें ममता, धैर्य और साहस के साथ जीवन की कठिनाइयों का सामना करने की प्रेरणा देती है।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


राज्य में लागू हुआ नया किराया नियम, घर और दुकानों के किराय को लेकर जानिए क्या है नया नियम

By User 6 / October 14, 2026 / 0 Comments
रायपुर. छत्तीसगढ़ में मकान और दुकान किराए पर देने तथा लेने के नियमों में बड़े बदलाव लागू हो गए हैं। राज्यपाल ने छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण (संशोधन) अधिनियम को अपनी मंजूरी दे दी है, जिससे नए प्रावधानों को प्रदेश में लागू...

छत्तीसगढ़ में वन्यजीव संरक्षण को बढ़ावा, 50 काले हिरण गोमर्डा जाएंगे

By User 6 / October 11, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में वन्यजीव संरक्षण को मजबूत बनाने और वनांचल के ग्रामीणों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार ने कई अहम फैसले लिए हैं। अंबिकापुर के संजय पार्क में अत्याधुनिक वन्यजीव ट्रांजिट ट्रीटमेंट सेंटर स्थापित किया जाएगा।...

मानसून की हो रही वापसी। राजधानी का बढ़ा तापमान

By User 6 / October 12, 2026 / 0 Comments
रायपुर. मानसून रायपुर से विदा हो चुका है, मगर मानसून द्रोणिका छत्तीसगढ़ से पूरी तरह रवाना नहीं हुई है. दिन में तेज धूप निकलने से राज्य में गर्मी का असर बना हुआ है. मौसम विभाग के मुताबिक, सोमवार को राजधानी...

एक्ट्रेस तनुश्री दत्ता का अहम बयान कहा नाना पाटेकर जिंदा है, DNA टेस्ट की करी मांग

By User 6 / October 14, 2026 / 0 Comments
मुंबई. बॉलीवुड अभिनेता नाना पाटेकर के निधन की खबरों के बीच एक्ट्रेस तनुश्री दत्ता के ब्यान ने नया विवाद खड़ा कर दिया है। तनुश्री ने एक्टर की मौत पर संदेह जताते हुए कहा कि हो सकता है कि वह अभी...

माता ब्रह्मचारिणी का प्रिय फूल है सफेद गुलाब, चमेली और कमल, आज करें इस विधि के साथ देवी की पूजा

By User 6 / October 12, 2026 / 0 Comments
रायपुर. नवरात्रि के दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा होती है। कहते हैं मां दुर्गा के इस स्वरूप की उपासना से आत्मसंयम, धैर्य, आंतरिक शक्ति और आध्यात्मिक प्रगति का आशीर्वाद मिलता है। माता ब्रह्मचारिणी को सफेद रंग अतिप्रिय है इसलिए...

छत्तीसगढ़ में जैव-सुरक्षा अनुसंधान को नई गति, रायपुर में स्थापित हुई अत्याधुनिक बीएसएल-3 प्रयोगशाला

By User 6 / October 13, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में जैव-सुरक्षा और संक्रामक रोगों से जुड़े वैज्ञानिक अनुसंधान को नई दिशा मिलने जा रही है। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर परिसर में स्थापित अत्याधुनिक बायोसेफ्टी लेवल-3 (बीएसएल-3) प्रयोगशाला से संक्रामक रोगों की पहचान, उनकी रोकथाम, वैक्सीन अनुसंधान...

छत्तीसगढ़: दुर्लभ बीमारी से जूझ रहे 10 वर्षीय रिमोन के इलाज के लिए 12 लाख मंजूर

By User 6 / October 11, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में दुर्लभ बीमारी से जूझ रहे 10 वर्षीय रिमोन टंडन के परिवार को बड़ी राहत मिली है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना के तहत रिमोन के उपचार के लिए तत्काल...

सूर्य का राहु के नक्षत्र में प्रवेश ज्योतिषीय दृष्टि से है बेहद महत्वपूर्ण, जानिए राशि पर क्या होगा असर

By User 6 / October 14, 2026 / 0 Comments
नई दिल्ली. ज्योतिष शास्त्र में सूर्य और राहु की युति को शुभ नहीं माना जाता है। वहीं, सूर्य का राहु के नक्षत्र में प्रवेश करना भी ज्योतिषीय दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है। इस बार 24 अक्तूबर 2026 को सूर्य...

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नवनियुक्त राज्यपालों को दी बधाई

By Reporter 5 / October 13, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु द्वारा विभिन्न राज्यों में नवनियुक्त राज्यपालों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि सभी राज्यपाल अपने अनुभव, मार्गदर्शन और प्रशासनिक दक्षता से संबंधित राज्यों में...

छत्तीसगढ़ में गन्ना किसानों की बल्ले-बल्ले, बोनस के लिए 51 करोड़ मंजूर

By User 6 / October 13, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में गन्ना किसानों को आर्थिक राहत देने के लिए राज्य सरकार ने गन्ना बोनस की गणना का आधार बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में लिए गए इस निर्णय से...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *