लखनऊ । उत्तर प्रदेश में 2022 में विधानसभा चुनाव होने हैं। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने अभी से इसकी तैयारी शुरू कर दी है। आरएसएस के पदाधिकारियों ने भाजपा नेतृत्व को निर्देश दिए हैं कि राम मंदिर निर्माण के लिए चंदा जुटाने के अभियान में पार्टी के विधायकों को घर-घर भेजें, जिससे मंदिर के लिए रकम जुटाने के साथ-साथ विधायकों का जनसंपर्क अभियान भी शुरू हो जाए। इस दौरान विधायक लोगों से मिलकर उनकी समस्याओं का समाधान करेंगे। आरएसएस के सूत्रों के मुताबिक, भाजपा के सभी विधायकों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों में एक से 14 जनवरी तक राम मंदिर के लिए सम्पर्क अभियान चलाएं। विधायकों और पदाधिकारियों को हिदायत दी गई है कि वह इस अभियान के तहत हर घर तक पहुंचने की कोशिश करें। इस दौरान दस से एक हजार रुपए तक चंदा जुटाएं। अभियान में विधायकों के काम की निगरानी आरएसएस करेगा। अभियान के बारे में भाजपा के एक विधायक ने बताया कि राम मंदिर के निर्माण के लिए एक जनवरी से 14 जनवरी तक घर-घर पहुंचने का निर्देश दिया गया है। पार्टी के आला अधिकारियों का निर्देश है कि इस अभियान में एक भी घर न छूटे। सबसे मदद लेने की कोशिश की जाए।
भाजपा के रणनीतिकारों की माने तो पार्टी के इस अभियान का मकसद यूपी में विधानसभा चुनाव से पहले विधायकों, पदाधिकारियों और कार्यकतार्ओं को सक्रिय करना है। पार्टी के हाईकमान का मानना है कि राम मंदिर के नाम पर यदि कार्यकर्ता हर घर तक अलख जगाने में कामयाब हो गया तो आने वाले विधानसभा चुनाव में इसका बहुत बड़ा फायदा मिल सकता है।
मंदिर के निर्माण के लिए पैसा सरकारी पैसा नही लेंगे : आलोक कुमार
अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर के निर्माण के लिए 15 जनवरी से 27 फरवरी 2021 तक देश और मध्य प्रदेश में जन-जन को जोड़कर निधि समर्पण के अंतर्गत राशि संग्रह की जाएगी। इसके लिए विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय कार्याध्यक्ष आलोक कुमार आज भोपाल प्रवास पर आए। आलोक कुमार ने पत्रकारो से चर्चा करते हुए बताया सोमनाथ मंदिर निर्माण के समय महात्मा गांधी ने ये राय दी थी कि सरकार मंदिर का ट्रस्ट बनाए, लेकिन मंदिर के निर्माण के लिए पैसा सरकारी खजाने से नहीं जाए। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के निर्माण में सरकारों से पैसा स्वीकार नहीं करेंगे। पहले सोचा था कि 4 लाख गांवों में जाएंगे। पूरे देश में बातचीत के बाद में, जिसमें सभी प्रांत और जिलों की बैठक के बाद में अब मैं आपको कह सकता हूं कि भारत के 6 लाख गांवों में से सवा 5 लाख गांवों में निधि समर्पण का ये काम होगा।
देशभर में 65 करोड़ लोगों तक पहुंचेगी विश्व हिंदू परिषद
राम मंदिर निर्माण को लेकर अपने अभियान में आरएसएस और भाजपा के अलावा विश्व हिंदू परिषद भी जुटी हुई है। विहिप के पदाधिकारियों के मुताबिक, देशभर के सवा पांच लाख गांवों में रहने वाले 13 करोड़ परिवारों के लगभग 65 करोड़ लोगों से मुलाकात कर उन्हें अयोध्या की जन्मस्थली से सीधे जोड़ा जाएगा। उनका सहयोग, सम्पर्क और श्रद्धा राम दरबार तक पहुंचाई जाएगी। ट्रस्ट की तरफ से दस लाख कार्यकर्ता गांव-गांव और गली-गली में राम नाम की अलख जगाएंगे।










