Google Analytics Meta Pixel अधिक वर्षा वाले क्षेत्रों में लेही पद्धति और कम वर्षा वाले क्षेत्रों में कतार बोनी करें, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि वैज्ञानिक की सलाह - Ekhabri.com

अधिक वर्षा वाले क्षेत्रों में लेही पद्धति और कम वर्षा वाले क्षेत्रों में कतार बोनी करें, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि वैज्ञानिक की सलाह

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य में 13 जुलाई 2022 में वर्षा की स्थिति सामान्य है। 13 जुलाई तक राज्य में 344 मिमी हो जानी चाहिए थी परंतु वर्तमान में 357 मिमी वर्षा हो चुकी है, जो सामान्य से अधिक है, परंतु वर्षा का वितरण विभिन्न जिलों में असामान्य है। बस्तर के पठार क्षेत्र के 6 जिलों में से 2 जिलों (कोंडागांव एवं नारायणपुर) में सामान्य से अधिक वर्षा, 3 जिलों (बस्तर, सुकमा एवं दंतेवाड़ा) में सामान्य वर्षा व 1 जिले (बीजापुर) में सामान्य से अत्यधिक वर्षा हुई है। जबकि छत्तीसगढ़ के मैदानी भाग के 16 जिलों में से 7 जिलों (बालोद, धमतरी, कांकेर, राजनांदगांव, मुंगेली कबीरधाम एवं गरियाबंद) में सामान्य से अधिक वर्षा, 5 जिलों (जांजगीर, बिलासपुर, बलौदाबाजार, दुर्ग एवं महासमुंद) में सामान्य वर्षा व 4 जिलों (बेमेतरा, रायगढ़, कोरबा एवं रायपुर) में सामान्य से कम वर्षा हुई है। कम वर्षा वाले जिलों में कमी का प्रतिशत -23 से -38 है। इसी तरह उत्तर के पहाड़ी क्षेत्र के सभी 5 जिलों (सूरजपुर, कोरिया, बलरामपुर, सरगुजा एवं जशपुर) में सामान्य से कम वर्षा दर्ज की गई है। इनमें से 3 जिलों (बलरामपुर, सरगुजा एवं जशपुर) की वर्षा में सबसे अधिक कमी देखी गई है। जिसका सामान्य वर्षा की तुलना में -64 से -71 प्रतिशत की कमी है।



छत्तीसगढ़ के 10 जिलों जिनमें सामान्य से ज्यादा वर्षा हुई है तथा कृषकों के द्वारा बुवाई नहीं की गई है उन क्षेत्रों के कृषक भाई लेही पद्धति से धान की बुवाई करें एवं बीज दर 30 से 35 किलोग्राम प्रति एकड़ की दर से बुवाई करें। जिन कृषकों ने रोपाई हेतु थरहा तैयार किया है। वे अपने खेतों (नर्सरी) से जल निकासी की उचित व्यवस्था करें एवं आने वाले दिनों में रोपाई हेतु खेत की मचाई करें। इस हेतु थरहा की अवधि 20 से 25 दिन उपयुक्त होगी।

Read Also  नवरात्रि में नए घर में होगा केजरीवाल परिवार का ‘गृह प्रवेश’



इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के संचालक अनुसंधान डॉ. विवेक त्रिपाठी ने किसान भाईयों को सलाह दी है कि छत्तीसगढ़ के 9 जिलों जहां पर वर्षा सामान्य से कम हुई है एवं कृषकों ने धान की बुवाई नहीं की है वे मध्यम एवं निचली भूमि में अविलम्ब शीघ्र से मध्यम अवधि की धान की उपयुक्त किस्में (डज्न्1010ए दंतेश्वरी, इंदिरा बारानी धान 1, 2 आई आर 64, दुर्गेश्वरी इत्यादि) का चयन कर कतारों में बोवाई करें। कतार बोनी हेतु 30 से 35 किलोग्राम प्रति एकड़ बीज दर उपयोग करें। उच्च भूमियों में कृषक भाई धान की बोवाई के बदले दलहन (मूंग, उड़द) तिलहन (तिल) या लघुधान्य फसलें (कोदों, कुटकी, रागी इत्यादि) फसलों की बुवाई बीजोपचार के पश्चात् कतारो में करें।



जिन क्षेत्रों में समय पर रासायनिक खादो की उपलब्धता नहीं है या कम है उस जगह रासायनिक खादों की दक्षता को बढ़ाने हेतु केचुआ खाद एवं कम्पोस्ट को लाभदायक जीवाणु जैसे पीएसबी, एजोेस्पाईलम या एजोटोबेक्टर से संवर्धित कर बुवाई या रोपाई के समय 100 किलोग्राम प्रति एकड़ की दर से डाले। इसके प्रयोग से रासायनिक खादों की 25 प्रतिशत मात्रा कम की जा सकती है। इस हेतु निकटतम कृषि विज्ञान केन्द्र एवं ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी से संपर्क कर सकते है।



सोयाबीन एवं अरहर बुवाई वाले क्षेत्रों में पिछले कुछ दिनों से लगातार वर्षा हो रही है। वहां जल निकासी की व्यवस्था कर लेवें। अत्यधिक वर्षा से अरहर एवं सोयाबीन में अंकुरण न होने की स्थिति में अन्य दलहन फसलें (मूंग, उड़द), तिल एवं लघुधान्य फसलों की बुवाई करें। सोयाबीन की फसल जहां पर 15 से 20 दिन की हो गई है। वहां पर वर्तमान में खरपतवार नियंत्रण की आवश्यकता है। खरपतवार नियंत्रण के लिए वरीयता के अनुसार हाथ से निंदाई या खड़ी फसल में रासायनिक खरपतवारनाशी जैसे इमेझेथापायर के व्यवसायिक उत्पाद जैसे परसुट, वीटग्रो आदि के 300 मिलीलीटर प्रति एकड़ की दर से 200 लीटर पानी में घोलकर छिड़काव करें।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


श्रवण यंत्र मिलते ही लौटी प्रमिला की सुनने की क्षमता, सपनों को मिले पंख

By User 6 / September 16, 2026 / 0 Comments
रायपुर। आधुनिक तकनीक और समय पर मिली सरकारी मदद किसी व्यक्ति के जीवन में कितना बड़ा बदलाव ला सकती है, नारायणपुर जिले की कक्षा 8वीं की छात्रा प्रमिला इसकी मिसाल बन गई है। श्रवण बाधिता के कारण लंबे समय से...

भोरमदेव शक्कर कारखाने ने रचा इतिहास, लगातार दो साल देश में सबसे ज्यादा रिकवरी

By User 6 / September 14, 2026 / 0 Comments
रायपुर/कवर्धा । छत्तीसगढ़ के कवर्धा स्थित भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाना ने लगातार दो वर्षों तक देश में सर्वाधिक शुगर रिकवरी हासिल कर बड़ी उपलब्धि दर्ज की है। इस उपलब्धि के साथ कारखाने को वर्ष 2024-25 और 2025-26 के लिए राष्ट्रीय...

नवा रायपुर में 32वें अखिल भारतीय राज्य निर्वाचन आयुक्त सम्मेलन का शुभारंभ

By User 6 / September 16, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी नवा रायपुर अटल नगर में 32वें अखिल भारतीय राज्य निर्वाचन आयुक्त सम्मेलन का भव्य शुभारंभ हुआ। करीब 11 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद छत्तीसगढ़ को इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय सम्मेलन की मेजबानी का अवसर मिला है।...

झीरम घाटी हत्याकांड में 10 दोषियों को मृत्युदंड, सीएम साय ने बताया न्याय की जीत

By User 6 / September 17, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 16 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित झीरम घाटी हत्याकांड मामले में जगदलपुर की विशेष एनआईए अदालत ने 10 दोषियों को मृत्युदंड की सजा सुनाई है। 25 मई 2013 को हुए इस माओवादी हमले में कांग्रेस की परिवर्तन यात्रा के...

नुआखाई पर मुख्यमंत्री साय ने किसानों की सुख-समृद्धि की कामना की

By User 6 / September 15, 2026 / 0 Comments
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नई फसल के स्वागत और प्रकृति के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने वाले पावन पर्व नुआखाई के अवसर पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने इस अवसर पर अन्नदाता किसानों की सुख-समृद्धि,...

घोलेंग में हुनर को नई उड़ान, टेक्सटाइल प्रशिक्षण से रोजगार के अवसर बढ़े

By User 6 / September 14, 2026 / 0 Comments
रायपुर। कभी घर-आंगन और गांव की परंपराओं तक सीमित रहने वाला हुनर अब रोजगार और आत्मनिर्भरता की नई राह तैयार कर रहा है। जशपुर जिले के ग्राम घोलेंग में पारंपरिक हस्तकरघा कला को आधुनिक तकनीक, कौशल प्रशिक्षण और बाजार की...

कवर्धा मेडिकल कॉलेज में पहले बैच की पढ़ाई शुरू, छात्रों ने साझा किए संघर्ष

By User 6 / September 17, 2026 / 0 Comments
रायपुर। कबीरधाम जिले की चिकित्सा शिक्षा के इतिहास में बुधवार का दिन महत्वपूर्ण रहा। शासकीय मेडिकल कॉलेज कवर्धा में प्रथम शैक्षणिक सत्र और प्रथम बैच की पढ़ाई का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक विजय शर्मा...

रायपुर में 25 लाख दीयों से जगमगाई राजधानी, ‘आशीर्वाद का दीया’ बना रिकॉर्ड

By User 6 / September 18, 2026 / 0 Comments
रायपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर प्रदेशव्यापी ‘सेवा संकल्प अभियान’ का भव्य शुभारंभ हुआ। इस दौरान आयोजित ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम में रायपुरवासियों ने 25 लाख से अधिक दीये जलाकर प्रधानमंत्री मोदी के प्रति अपनी शुभकामनाएं...

चक्रधर समारोह बना रायगढ़ की सांस्कृतिक पहचान, राज्यपाल ने किया शुभारंभ

By User 6 / September 15, 2026 / 0 Comments
रायपुर। संगीत, नृत्य और कला की समृद्ध परंपरा से जुड़ी रायगढ़ की धरती पर 41वें अंतर्राष्ट्रीय चक्रधर समारोह-2026 का सोमवार को भव्य शुभारंभ हुआ। राज्यपाल रमेन डेका ने महाराजा चक्रधर सिंह के तैलचित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर समारोह का...

छत्तीसगढ़ बनेगा भविष्य के उद्योगों का नया केंद्र, साय ने बताया रोडमैप

By User 6 / September 18, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 18 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में लघु उद्योग भारती द्वारा आयोजित तीन दिवसीय ‘इंडिया इंडस्ट्रियल फेयर-2026’ का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे उद्यमियों, निवेशकों...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *