रायपुर, 14 जून 2025।छत्तीसगढ़ शासन की महिला सशक्तिकरण योजनाओं का असर अब जमीनी स्तर पर नजर आने लगा है। जशपुर जिले के गम्हरिया ग्राम की उद्यमी महिला लालमती ने इन योजनाओं का लाभ उठाकर आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश की है। लालमती ने न सिर्फ अपने जीवन को संवारा, बल्कि गांव की अन्य महिलाओं को भी प्रेरित किया है।
लालमती की यात्रा एक साधारण मजदूर से सफल उद्यमी बनने तक की है। प्रजापति गौरी स्व-सहायता समूह से जुड़ने के बाद उन्होंने बिहान योजना के तहत शासन की सहायता प्राप्त की। इसके बाद उद्योग विभाग से लोन लेकर शटरिंग प्लेट का व्यवसाय शुरू किया। जनवरी 2025 में उन्होंने प्रधानमंत्री मुद्रा योजना से ऋण लेकर अपने व्यवसाय का विस्तार किया।
वर्तमान में लालमती के पास 200 से अधिक शटरिंग प्लेट हैं, जिन्हें वे निजी भवनों और प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन मकानों के लिए किराये पर उपलब्ध कराती हैं। फरवरी 2025 से अब तक इस व्यवसाय से उनकी आय 35,000 से 40,000 रुपये हो चुकी है, और यह लगातार बढ़ रही है।
लालमती ने कहा कि शासन की योजनाओं ने उन्हें आत्मनिर्भर बनने की राह दिखाई। उन्होंने मुख्यमंत्री और शासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि बिना सरकार के सहयोग यह संभव नहीं था। मुख्यमंत्री ने भी कहा कि सरकार का संकल्प है कि ग्रामीण महिलाएं आत्मनिर्भर बनें और आर्थिक गतिविधियों में अग्रणी भूमिका निभाएं। शासन महिलाओं को वित्तीय सहायता, प्रशिक्षण और बाज़ार से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।










