Google Analytics Meta Pixel निकोलस मादुरो से पहले भी कई राष्ट्रपति-प्रधानमंत्रियों का हो चुका हैं ‘अपहरण’ - Ekhabri.com

निकोलस मादुरो से पहले भी कई राष्ट्रपति-प्रधानमंत्रियों का हो चुका हैं ‘अपहरण’

काराकास/वाशिंगटन: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की शनिवार को अमेरिकी सेना द्वारा गिरफ्तारी ने विश्व स्तर पर हलचल मचा दी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की कि अमेरिकी बलों ने “ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व” के तहत काराकास पर बड़े पैमाने पर हमला कर मादुरो दंपति को हिरासत में लिया और उन्हें न्यूयॉर्क ले जाया गया, जहां नार्को-टेररिज्म और ड्रग तस्करी के आरोपों में मुकदमा चलेगा। अमेरिका इसे कानूनी कार्रवाई बता रहा है, लेकिन कई देशों ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन और संप्रभुता पर हमला करार दिया है। चीन ने तत्काल रिहाई की मांग की, जबकि भारत ने शांतिपूर्ण समाधान की अपील की। यह घटना किसी सत्ता में बैठे राष्ट्राध्यक्ष के साथ पहली बार नहीं हुई। इतिहास में कई शीर्ष नेताओं का अपहरण या गिरफ्तारी हुई है, जो राजनीतिक अस्थिरता का प्रतीक बनीं!

 

 

इटली के पूर्व प्रधानमंत्री आल्डो मोरो (1978): 16 मार्च 1978 को रोम में रेड ब्रिगेड्स नामक उग्रवादी संगठन ने मोरो का अपहरण कर लिया। उनके सुरक्षाकर्मियों को मारकर उन्हें अगवा किया गया। 55 दिनों तक बंधक रखने के बाद 9 मई को उनकी हत्या कर दी गई। शव एक कार की डिक्की में मिला। मोरो इटली के पांच बार प्रधानमंत्री रह चुके थे और कम्युनिस्ट पार्टी से समझौता करने की कोशिश कर रहे थे।

 

 

दक्षिण कोरिया के विपक्षी नेता किम डे-जुंग (1973): टोक्यो के एक होटल से दक्षिण कोरियाई खुफिया एजेंसी KCIA ने किम का अपहरण किया। वे तानाशाह पार्क चुंग-ही के आलोचक थे। आंखों पर पट्टी बांधकर नाव और विमान से दक्षिण कोरिया ले जाया गया। अंतरराष्ट्रीय दबाव से रिहा हुए। बाद में वे 1998 में राष्ट्रपति बने और 2000 में नोबेल शांति पुरस्कार जीता।

Read Also  न्यूयार्क में मंदिर के बाहर लगी गांधी की प्रतिमा क्षतिग्रस्त

 

 

फिनलैंड के पूर्व राष्ट्रपति कार्लो यूहो स्टॉलबर्ग (1930): लापुआ मूवमेंट नामक कट्टर राष्ट्रवादी संगठन ने स्टॉलबर्ग और उनकी पत्नी का अपहरण किया। उन्हें घर से 430 किमी दूर ले जाया गया, लेकिन समर्थन न मिलने पर छोड़ दिया। इसके बाद संगठन पर प्रतिबंध लगा।

 

 

अर्जेंटीना के पूर्व अंतरिम राष्ट्रपति पेड्रो यूजेनियो अराम्बुरु (1970): सेना के अफसर बनकर आए लोगों ने उन्हें अगवा किया। “ऑपरेशन पिंडापॉय” नामक इस कार्रवाई में उन्हें सफेद गाड़ी में ले जाया गया। वे 1955-58 तक अंतरिम राष्ट्रपति थे।

 

 

कोलंबिया की राष्ट्रपति उम्मीदवार इंग्रिड बेटनकोर्ट (2002): FARC विद्रोहियों ने चुनाव प्रचार के दौरान उनका अपहरण कर लिया। छह साल जंगलों में बंधक रखा। 2008 में “ऑपरेशन जैक” से सेना ने छुड़ाया।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


राष्ट्रपति से मिलकर लौटे विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री साय से साझा किए यादगार अनुभव

By Reporter 5 / September 1, 2026 / 0 Comments
रायपुर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात कर लौटे छत्तीसगढ़ के प्रतिभावान विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मंगलवार को रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से सौजन्य मुलाकात की। विद्यार्थियों ने राष्ट्रपति भवन की अपनी यादगार यात्रा, राष्ट्रपति...

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल की बड़ी कार्रवाई, प्लेसमेंट एजेंसी ब्लैकलिस्ट

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल ने प्लेसमेंट के माध्यम से मानव संसाधन उपलब्ध कराने वाली एजेंसी मेसर्स टॉपग्रेड मेनपावर एंड सिक्योरिटी सर्विसेस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, राजनांदगांव के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। अनुबंध की शर्तों के उल्लंघन...

हरछठ को लेकर संशय की स्थिति, जानिए कब करनी है पूजा और व्रत

By User 6 / August 31, 2026 / 0 Comments
हिंदू पंचांग के अनुसार हर साल भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि को हलषष्ठी यानी हरछठ व्रत रखा जाता है। इसे हल छठ, हरछठ और ललही छठ के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन माताएं अपनी...

ई-ऑफिस और समयबद्ध उपस्थिति में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर अधिकारी-कर्मचारी सम्मानित

By Reporter 5 / September 1, 2026 / 0 Comments
  रायपुर। छत्तीसगढ़ में शासकीय कामकाज को अधिक पारदर्शी, तेज और प्रभावी बनाने की दिशा में ई-ऑफिस व्यवस्था को लगातार मजबूत किया जा रहा है। इसी कड़ी में मंत्रालय महानदी भवन, नवा रायपुर अटल नगर में आयोजित मासिक सम्मान कार्यक्रम...

सुकमा में नक्सल पीड़ित परिवारों से मिले प्रेम साई गुरुजी, बांटा संबल

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
  सुकमा। नक्सल हिंसा से प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचकर उनके दुख-दर्द को साझा करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मातंगी धाम के पीठाधीश्वर डॉ. प्रेम साई गुरुजी ने सुकमा जिले के प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। इस...

बस्तर में पूर्व नक्सली महिलाओं ने जवानों की कलाई पर बांधी राखी

By Reporter 5 / August 30, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 29 अगस्त 2026। बस्तर में रक्षाबंधन के अवसर पर एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसने वर्षों से चली आ रही नक्सल हिंसा और सुरक्षा बलों के बीच दूरी के बीच रिश्तों और विश्वास की नई कहानी लिखी। भानुप्रतापपुर के...

माता कौशल्या धाम के बंद कॉटेज पर पर्यटन मंडल ने किया बड़ा खुलासा

By Reporter 5 / September 1, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध धार्मिक एवं पर्यटन स्थल माता कौशल्या धाम, चंदखुरी में पर्यटकों की सुविधा के लिए तैयार किए गए कॉटेज लंबे समय से बंद हैं। कॉटेज के संचालन को लेकर छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल ने स्थिति स्पष्ट करते हुए...

पुलिस कर्मी के घर में चोरों ने मारी सेंध, ताला तोड कर की चोरी

By User 6 / August 30, 2026 / 0 Comments
रायपुर। राजधानी रायपुर में पुलिसकर्मी के घर चोरी की वारदात से हड़कंप मच गया। चोरों के हौसले इतने बुलंद थे कि उन्होंने पुलिस के घर को भी नहीं छोड़ा। पंडरी थाना क्षेत्र के दुबे कॉलोनी स्थित ग्रैंडले विहार में महिला...

नक्सलवाद से बाहर निकल विकास की नई राह पर बढ़ रहा छत्तीसगढ़ : साय

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि दशकों तक नक्सलवाद की चुनौती झेलने वाला छत्तीसगढ़ अब शांति, विश्वास और विकास के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। नक्सलवाद के अंधेरे से बाहर निकलकर प्रदेश विकास की नई...

धमाकों की जगह रेडियो की गूंज, छिंदनार में सुनी गई मन की बात

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
रायपुर। नक्सलवाद की समाप्ति के बाद बस्तर में बदलती परिस्थितियों की तस्वीर अब दूरस्थ वनांचलों में भी दिखाई देने लगी है। दंतेवाड़ा के सुदूर वनांचल छिंदनार में रविवार को ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *