रायपुर। शासन की जनकल्याणकारी योजनाएं जरूरतमंद परिवारों के लिए आर्थिक स्थिरता और आत्मविश्वास का आधार बन रही हैं। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में सहयोग देने के उद्देश्य से संचालित महतारी वंदन योजना भी अनेक महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम अमलीडीह की लोकेश्वरी साहू ऐसी ही एक महिला हैं, जिनके जीवन में योजना से मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता ने नई उम्मीद और आत्मनिर्भरता का भरोसा पैदा किया है।
लोकेश्वरी साहू बताती हैं कि महतारी वंदन योजना से जुड़ने से पहले परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर थी। आय का कोई स्थायी साधन नहीं होने के कारण रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने में कई बार परेशानियों का सामना करना पड़ता था। बच्चों की देखभाल, स्वास्थ्य और अन्य घरेलू आवश्यकताओं का खर्च भी चुनौती बना रहता था।
महतारी वंदन योजना की शुरुआत से ही वे इसका लाभ ले रही हैं। योजना के माध्यम से मिलने वाली नियमित आर्थिक सहायता ने परिवार की आर्थिक स्थिति को सहारा दिया है। अब छोटी-बड़ी घरेलू जरूरतों के लिए उन्हें पहले की तरह पूरी तरह दूसरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता। नियमित सहायता ने उनके भीतर अपनी आवश्यकताओं को स्वयं पूरा करने का आत्मविश्वास भी बढ़ाया है।
लोकेश्वरी बताती हैं कि योजना से प्राप्त राशि का उपयोग वे परिवार की जरूरी जरूरतों के साथ बच्चों के स्वास्थ्य, खान-पान और पोषण पर करती हैं। गर्भावस्था के दौरान भी इस आर्थिक सहायता ने उनकी देखभाल और आवश्यक जरूरतों को पूरा करने में सहयोग दिया। नियमित राशि मिलने से वे बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों पर पहले की तुलना में बेहतर ध्यान दे पा रही हैं।
उनका कहना है कि पहले छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भी दूसरों की मदद लेनी पड़ती थी, लेकिन अब आर्थिक सहायता मिलने से वे कई आवश्यकताओं को स्वयं पूरा कर लेती हैं। उनके लिए महतारी वंदन योजना केवल आर्थिक सहायता का माध्यम नहीं, बल्कि सम्मान, आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का आधार बनी है। परिवार की जरूरतों को पूरा करने में उनकी भूमिका भी पहले से अधिक मजबूत हुई है।
लोकेश्वरी साहू का कहना है कि महतारी वंदन योजना से उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है। आज वे पहले की अपेक्षा खुद को अधिक आर्थिक रूप से मजबूत और आत्मविश्वासी महसूस करती हैं। नियमित सहायता ने उन्हें यह भरोसा दिया है कि वे अपने परिवार की जरूरतों को पूरा करने में स्वयं भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं।
उन्होंने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और परिवार के बेहतर भविष्य के लिए जनहितकारी योजनाओं को महत्वपूर्ण बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने वाली योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक महिलाओं तक पहुंचना चाहिए, ताकि वे आत्मनिर्भर बनकर अपने परिवार और समाज के विकास में योगदान दे सकें।
महतारी वंदन योजना के माध्यम से महिलाओं को मिलने वाला आर्थिक संबल उनके दैनिक जीवन की जरूरतों को पूरा करने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर भी दे रहा है। लोकेश्वरी साहू की कहानी बताती है कि महिलाओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता का प्रभाव केवल उनके व्यक्तिगत जीवन तक सीमित नहीं रहता, बल्कि बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण और पूरे परिवार की खुशहाली पर भी दिखाई देता है।
सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से सामने आ रही ऐसी कहानियां जनकल्याणकारी योजनाओं के जमीनी प्रभाव को दर्शाती हैं। जब योजनाओं का लाभ जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचता है, तो आर्थिक सहयोग के साथ उनमें आशा, सम्मान और आत्मनिर्भरता का भाव भी मजबूत होता है।










