Google Analytics Meta Pixel आजादी के बाद कुछ गिने-चुने परिवारों के लिए नवनिर्माण किया गया: प्रधानमंत्री - Ekhabri.com

आजादी के बाद कुछ गिने-चुने परिवारों के लिए नवनिर्माण किया गया: प्रधानमंत्री

नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को कांग्रेस पर प्रहार करते हुए कहा कि एक समय था जब देश की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान पर बात करने में संकोच किया जाता था और आजादी के बाद कुछ गिने-चुने परिवारों के लिए नवनिर्माण किया गया जबकि उनकी सरकार उस ‘‘संकीर्ण सोच’’ को पीछे छोड़कर नए गौरव स्थलों का निर्माण कर रही है और उन्हें भव्यता दे रही है।

गुजरात में सोमनाथ मंदिर के निकट नवनिर्मित सर्किट हाउस का ऑनलाइन उद्घाटन करने के बाद प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में यह बात कही।

प्रधानमंत्री का यह बयान ऐसे समय में आया है जब विपक्षी दलों द्वारा सरकार पर विकास और पुनर्निर्माण के नाम पर ऐतिहासिक धरोहरों को मिटाने का आरोप लगाया जाता रहा है। इस कड़ी में ताजा मामला इंडिया गेट पर स्थित अमर जवान ज्योति की लौ को राष्ट्रीय समर स्मारक पर जल रही लौ के साथ विलय किए जाने का है। विपक्षी दलों ने कहा है कि यह कदम सैनिकों के बलिदान के इतिहास को मिटाने की तरह है।

कांग्रेस का नाम लिए बगैर प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘हमारे लिए हमारे पूर्वजों ने इतना कुछ छोड़ा है लेकिन एक समय था जब हमारी धार्मिक व सांस्कृतिक पहचान पर बात करने में संकोच किया जाता था। आजादी के बाद दिल्ली में कुछ गिने-चुने परिवारों के लिए ही नवनिर्माण हुआ लेकिन आज देश उस संकीर्ण सोच को पीछे छोड़ते हुए नए गौरव स्थलों का निर्माण कर रहा है और उन्हें भव्यता दे रहा है।’’

प्रधानमंत्री ने इस कड़ी में दिल्ली में बने आंबेडकर राष्ट्रीय स्मारक, रामेश्वरम में बने एपीजे अब्दुल कलाम स्मारक और नेताजी सुभाष चंद्र बोस और श्यामजी कृष्ण वर्मा जैसे स्वतंत्रता सेनानी से जुड़े हुए स्थानों को विकसित किए जाने का उल्लेख किया।

उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज के गौरवशाली इतिहास को सामने लाने के लिए देशभर में आदिवासी संग्रहालय भी बनाए जा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि गुजरात के केवड़िया में बना ‘‘स्टेच्यू ऑफ यूनिटी’’ पूरे देश का गौरव है और कोरोना के बावजूद अब तक 75 लाख से ज्यादा लोग इसके दर्शन कर चुके है।

उन्होंने कहा, ‘‘ये नवनिर्मित स्थल हमारे सामर्थ्य के परियाचक हैं। आने वाले समय में यह प्रयास पर्यटन के साथ, हमारी पहचान को भी नहीं ऊंचाई देंगे।’’

प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर ‘‘वोकल फोर लोकल’’ अभियान का भी उल्लेख किया और कहा कि इसका मतलब सिर्फ दीवाली में स्थानीय दीये खरीदने भर से नहीं है।

उन्होंने कहा कि पर्यटन भी उनके इस अभियान का हिस्सा है।

उन्होंने देशवासियों से आग्रह किया कि विदेश घूमने जाने से पहले वह देश के कम से कम 15 से 20 पर्यटन व तीर्थ स्थलों का दौरा करें।

उन्होंने कहा, ‘‘पहले आप हिंदुस्तान को अनुभव करें। बाद में दुनिया के किसी और देश में जाएं। जीवन के हर क्षेत्र में हमें इसे अंगीकार करना ही होगा। देश को समृद्ध बनाना है तो देश के नौजवानों के लिए अवसर तैयार करने हैं तो इस रास्ते पर चलना होगा।’’

प्रधानमंत्री ने कहा कि आजादी के 75वें साल में उनकी सरकार ऐसे भारत का संकल्प ले रही है, जिसमें जो जितना समृद्ध होगा उतनी ही अपनी परंपराओं से जुड़ा होगा।

उन्होंने कहा, ‘‘जो जितना आधुनिक होगा, उतना ही अपनी परंपराओं से जुड़ा होगा। हमारे तीर्थ स्थान, हमारे पर्यटन स्थल इस नए भारत में रंग भरने का काम करते हैं। यह हमारी विरासत और विकास दोनों के प्रतीक बनेंगे।’’

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया के कई देशों की अर्थव्यवस्था में पर्यटन के योगदान की चर्चा होती है लेकिन भारत के तो हर राज्य में ऐसी ही अनंत संभावनाएं हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘आप किसी भी राज्य का नाम लीजिए। गुजरात का नाम लेंगे तो सोमनाथ, द्वारका, धोलावीरा जैसे स्थान मन में आते हैं। उत्तर प्रदेश का नाम लेंगे तो अयोध्या, मथुरा, काशी, कुशीनगर, विंध्याचल छा जाते हैं। सामान्य जन का हमेशा मन करता है, इन सब जगह पर जाने का अवसर मिले।’’

उन्होंने कहा कि इसी प्रकार उत्तराखंड का नाम लेते ही बद्रीनाथ और केदारनाथ तथा हिमाचल प्रदेश का नाम लेने पर ज्वाला देवी जैसे तीर्थाटन और पर्यटन के कई केंद्र मन में आ जाएंगे।

उन्होंने कहा, ‘‘ये स्थान हमारी राष्ट्रीयता का… एक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना का प्रतिनिधित्व करते हैं। इन स्थलों की यात्रा हमारी राष्ट्रीय एकता को बढ़ाती है। इनके विकास से हम एक बड़े क्षेत्र के विकास को गति दे सकते हैं।’’

प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले सात साल में देश ने पर्यटन की संभावनाओं को साकार करने के लिए लगातार काम किए हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘पर्यटन केंद्रों का विकास आज केवल सरकारी योजना का हिस्सा भर नहीं है बल्कि जनभागीदारी और सांस्कृतिक विकास है।’’

मोदी ने कहा कि धार्मिक या धरोहर स्थलों का विकास उन क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को गति प्रदान करेगा, जहां वे स्थित हैं।

ज्ञात हो कि इस नए सर्किट हाउस का निर्माण 30 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है और यह सोमनाथ मंदिर के निकट स्थित है। इसमें सभी प्रकार की आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिनमें वीआईपी और डीलक्स कमरे, सम्मेलन कक्ष और सभागृह शामिल हैं। कमरों की बनावट ऐसी है कि वहीं से लोग समुद्र का नजारा भी देख सकते हैं।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


बिजली के हाईवोल्टेज तार की चपेट में आने से ग्रामीण की दर्दनाक मौत

By Reporter 5 / August 22, 2026 / 0 Comments
कवर्धा। कवर्धा जिले के बैजलपुर चौकी क्षेत्र से बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है, जिसमें बिजली के हाईवोल्टेज तार की चपेट में आने से ग्रामीण की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे में कामाड़बरी निवासी रामकुमार विश्वकर्मा ने मौके पर ही...

नौकरी दिलाने के लालच में किया दुष्कर्म

By User 6 / August 24, 2026 / 0 Comments
धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से दिल दहलाने वाली खबर समाने आई है. जिसमे नौकरी दिलाने का झांसा देकर महिला को सुनसान जगह ले जाकर दुष्कर्म किए जाने का आरोप है. घटना कुरुद थाना क्षेत्र की बताई जा रही है....

इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय पेपर लीक मामले में एफआईआर, कवर्धा-बिलासपुर से वायरल हुआ प्रश्नपत्र

By Reporter 5 / August 22, 2026 / 0 Comments
रायपुर। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (IGKV) की बीएससी कृषि द्वितीय वर्ष की कीटशास्त्र परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक होने के मामले में तेलीबांधा पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। विश्वविद्यालय के यूजी परीक्षा प्रभारी डॉ. एन.आर. रंगारे की रिपोर्ट पर...

111 उप अभियंताओं की नियुक्ति से जल जीवन मिशन को मिलेगी नई गति

By User 6 / August 25, 2026 / 0 Comments
रायपुर। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने 111 उप अभियंताओं की नियुक्ति के आदेश जारी किए हैं। इनमें 101 सिविल इंजीनियर और 10 विद्युत/यांत्रिक इंजीनियर शामिल हैं। प्रमुख अभियंता कार्यालय ने नियुक्ति के साथ ही सभी चयनित उप अभियंताओं की पदस्थापना...

200 मेधावी श्रमिक बच्चों का होगा सम्मान, 1.45 लाख श्रमिकों को मिलेंगे 39.67 करोड़

By User 6 / August 24, 2026 / 0 Comments
रायपुर, । छत्तीसगढ़ में पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के मेधावी बच्चों को प्रोत्साहित करने के लिए 24 अगस्त को राज्य स्तरीय सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। श्रम विभाग के छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा ‘अटल उत्कृष्ट शिक्षा...

सौर ऊर्जा विस्तार से छत्तीसगढ़ बनेगा देश का अग्रणी राज्य, 5 लाख घरों तक पहुंचाने का लक्ष्य

By Reporter 5 / August 23, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ सौर ऊर्जा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। राज्य सरकार ने मार्च 2027 तक प्रदेश के 5 लाख घरों में सोलर पैनल लगाने का लक्ष्य...

छत्तीसगढ़ में पीएम आवास योजना शहरी 2.0 की प्रगति से केंद्र संतुष्ट, 100 करोड़ जारी

By Reporter 5 / August 22, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के प्रभावी क्रियान्वयन की केंद्र सरकार ने सराहना की है। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने नई दिल्ली में केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय के सचिव...

नवा रायपुर में 119.89 करोड़ की आवासीय परियोजना, 348 घरों का होगा निर्माण

By Reporter 5 / August 26, 2026 / 0 Comments
नीचे दोनों प्रेस विज्ञप्तियों को अलग-अलग SEO-friendly वेब-पोर्टल समाचार के रूप में तैयार किया गया है। भाषा को समाचार पोर्टल के अनुरूप रखा गया है और मूल सामग्री के आंकड़ों को यथासंभव बरकरार रखा गया है।   # छत्तीसगढ़ पर्यटन...

छत्तीसगढ़ पर्यटन बुकिंग के नाम पर फर्जीवाड़े का खतरा, पर्यटकों को बोर्ड ने किया अलर्ट

By Reporter 5 / August 23, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के पर्यटन स्थलों और पर्यटन सुविधाओं की ऑनलाइन बुकिंग के नाम पर फर्जीवाड़े की शिकायतों के बाद छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड ने पर्यटकों को सतर्क रहने की अपील की है। बोर्ड के संज्ञान में ऐसे अनधिकृत वेबसाइट, बुकिंग लिंक...

श्रमिकों के बच्चों को बड़े स्कूलों में मुफ्त शिक्षा, CM साय ने बढ़ाया हौसला

By Reporter 5 / August 25, 2026 / 0 Comments
  रायपुर। श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों को अब प्रतिष्ठित निजी आवासीय विद्यालयों में मुफ्त गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का अवसर मिल रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि श्रमिक परिवारों के बच्चों की सफलता ही सरकार और उनके माता-पिता की...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *