Google Analytics Meta Pixel World Bicycle Day : cycle का दाम और चलाने वाले का काम आपको हैरान कर देगा - Ekhabri.com

World Bicycle Day : cycle का दाम और चलाने वाले का काम आपको हैरान कर देगा

वर्ल्ड बाइसाइकिल डे पर विशेष: महिमा पाठक के द्वारा राज्य के एक युवा साइकिलिस्ट मृणाल पर…

शौक बन गया जुनून

दृढ़ इच्छा शक्ति के आगे बड़ी से बड़ी परिक्षा भी छोटी हो जाती है। कुछ ऐसी ही कहानी है मृणाल गजभिये की। शौकिया तौर पर की जाने वाली साइकलिंग अब उनका जनून बन चुकी है। वे साइकिल से छत्तीसगढ़ की सैर करने के बाद अब भारत के चारों दिशाओं तक की सैर करने का सपना बुन चुके हैं। इस कड़ी में अब तक का सबसे लंबा सफर उसने राजधानी रायपुर से कच्छ (करीब 1500 किमी)तक का किया है। इतना ही नहीं 80 हजार की साइकल में चलने वाला ये शक्स अपनी यात्रा में कभी गांव वालों के साथ बासी भात खा कर वक्त बिताया तो कभी ग्रामीण इलाके में एटीएम न मिलने पर पैसों के लिए आम तक बेच डाले।

वर्ल्ड बाइसाइकिल डे पर जब हमने मृणाल से बात की तो कई रोचक किस्से समाने आ खड़े हुए।
4 साल की उम्र में पहली बार साइकल में चढ़ते वक्त मृणाल ने ये नहीं सोचा था कि ये शौक आगे चलकर उनकी पहचान बन जाएगा। जर्नलिजम करने के बाद मृणाल ने घूमने के शौक को पूरा करने के लिए एन.आई.एम का कोर्स किया। इस दौरान उन्हें पर्वता रोहण की बारीकियों के बारे में जानने को मिला। एडवेंचर से भरा ये सफर तब और सुहाना हो गया जब इसे तय करने के लिए मृणाल ने कोई बड़ी गाड़ी मोटर नहीं बल्कि साइकल का चुनाव किया। घोस्ट एसई 2000 नाम की खास साइकल के साथ उन्होंने अपना सफरनामा शुरू किया जो अब उनके जीवन का अभिन्न अंग बन गया है। इस साइकिल की खास बात ये है कि ये पूरी तरह फोल्ड भी हो जाती है और लंबे सफर के लिए ही खास तौर पर बानाई गई है। सफर के दौरान मृणाल सिर्फ जरूरत का कुछ सामान और अपने रहने के किये टेंट हाउस साथ रखते हैं। जरूरत पड़ने पर इसे रहने और सोने के लिए उपयोग करते है। इस कठिन सफर के लिए मृणाल के घर वालों ने शुरू शुरू में काफी मना किया लेकिन इस जुनून के आगे सब छोटा होता चला गया और अब परिवार वालों ने भी इसी अपना लिया है।

Read Also  छत्तीसगढ़ में फिर शुरू होगा सुशासन का महाअभियान, इस बार और बड़े पैमाने पर होगी कार्रवाई

बेचा 150 रुपए का आम

2016 में पहली लंबी रेस मृणाल ने छत्तीसगढ़ में शुरू की, जो कि राजधानी से बस्तर (करीब 2345 किमी) तक की थी। इस यात्रा में कुटुमसर गुफा के पास उस समय मृणाल के समाने समस्या आन खड़ी हुई जब उनके पास कैश की कमी हुई। एटीएम पास न होने के कारण मृणाल ने गिरे हुए 4 किलो आम बिन कर इकच्ठा किए और फिर गांव से निकल कर सड़क में उसे बेच कर 150 रुपए कमाए। उसी पैसे से मृणाल ने नास्ता किया। मृणाल कहते हैं कि ये सारी चीजें सफर को और भी रोचक बाना दी थीं।

बची है तीन दिशाएं

मृणाल का सपना है कि वो पूरे भारत की सैर अपनी साइकल के साथ करें। इसके लिए वे अगला सफर राजधानी से कन्याकुमारी, लद्दाख, भूटान तक शुरू करेंगे। अपनी यात्रा के दौरान मृणाल की देश के अन्य राज्यों ही नहीं बल्कि कई विदेशी र्पयटकों के साथ भी ऐसी दोस्ती हो गई जो आज तक निभा रहें हैं। इतना ही नहीं मृणाल हालीडे इन रूलर इंडिया की अंतराष्ट्रीय कंपनी ने उन्हें विदेशी पर्यटकों को भारत भ्रमण के लिए भी जॉब आफर किया है। जिसे मृणाल फ्री लेंसिंग के तौर पर करते हैं।

Share The News




CLICK BELOW to get latest news on Whatsapp or Telegram.

 


राष्ट्रपति से मिलकर लौटे विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री साय से साझा किए यादगार अनुभव

By Reporter 5 / September 1, 2026 / 0 Comments
रायपुर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात कर लौटे छत्तीसगढ़ के प्रतिभावान विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मंगलवार को रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से सौजन्य मुलाकात की। विद्यार्थियों ने राष्ट्रपति भवन की अपनी यादगार यात्रा, राष्ट्रपति...

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल की बड़ी कार्रवाई, प्लेसमेंट एजेंसी ब्लैकलिस्ट

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल ने प्लेसमेंट के माध्यम से मानव संसाधन उपलब्ध कराने वाली एजेंसी मेसर्स टॉपग्रेड मेनपावर एंड सिक्योरिटी सर्विसेस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, राजनांदगांव के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। अनुबंध की शर्तों के उल्लंघन...

हरछठ को लेकर संशय की स्थिति, जानिए कब करनी है पूजा और व्रत

By User 6 / August 31, 2026 / 0 Comments
हिंदू पंचांग के अनुसार हर साल भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की षष्ठी तिथि को हलषष्ठी यानी हरछठ व्रत रखा जाता है। इसे हल छठ, हरछठ और ललही छठ के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन माताएं अपनी...

ई-ऑफिस और समयबद्ध उपस्थिति में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर अधिकारी-कर्मचारी सम्मानित

By Reporter 5 / September 1, 2026 / 0 Comments
  रायपुर। छत्तीसगढ़ में शासकीय कामकाज को अधिक पारदर्शी, तेज और प्रभावी बनाने की दिशा में ई-ऑफिस व्यवस्था को लगातार मजबूत किया जा रहा है। इसी कड़ी में मंत्रालय महानदी भवन, नवा रायपुर अटल नगर में आयोजित मासिक सम्मान कार्यक्रम...

सुकमा में नक्सल पीड़ित परिवारों से मिले प्रेम साई गुरुजी, बांटा संबल

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
  सुकमा। नक्सल हिंसा से प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचकर उनके दुख-दर्द को साझा करने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मातंगी धाम के पीठाधीश्वर डॉ. प्रेम साई गुरुजी ने सुकमा जिले के प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। इस...

बस्तर में पूर्व नक्सली महिलाओं ने जवानों की कलाई पर बांधी राखी

By Reporter 5 / August 30, 2026 / 0 Comments
रायपुर, 29 अगस्त 2026। बस्तर में रक्षाबंधन के अवसर पर एक ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसने वर्षों से चली आ रही नक्सल हिंसा और सुरक्षा बलों के बीच दूरी के बीच रिश्तों और विश्वास की नई कहानी लिखी। भानुप्रतापपुर के...

माता कौशल्या धाम के बंद कॉटेज पर पर्यटन मंडल ने किया बड़ा खुलासा

By Reporter 5 / September 1, 2026 / 0 Comments
रायपुर। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध धार्मिक एवं पर्यटन स्थल माता कौशल्या धाम, चंदखुरी में पर्यटकों की सुविधा के लिए तैयार किए गए कॉटेज लंबे समय से बंद हैं। कॉटेज के संचालन को लेकर छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल ने स्थिति स्पष्ट करते हुए...

नक्सलवाद से बाहर निकल विकास की नई राह पर बढ़ रहा छत्तीसगढ़ : साय

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि दशकों तक नक्सलवाद की चुनौती झेलने वाला छत्तीसगढ़ अब शांति, विश्वास और विकास के नए दौर में प्रवेश कर चुका है। नक्सलवाद के अंधेरे से बाहर निकलकर प्रदेश विकास की नई...

पुलिस कर्मी के घर में चोरों ने मारी सेंध, ताला तोड कर की चोरी

By User 6 / August 30, 2026 / 0 Comments
रायपुर। राजधानी रायपुर में पुलिसकर्मी के घर चोरी की वारदात से हड़कंप मच गया। चोरों के हौसले इतने बुलंद थे कि उन्होंने पुलिस के घर को भी नहीं छोड़ा। पंडरी थाना क्षेत्र के दुबे कॉलोनी स्थित ग्रैंडले विहार में महिला...

धमाकों की जगह रेडियो की गूंज, छिंदनार में सुनी गई मन की बात

By Reporter 5 / August 31, 2026 / 0 Comments
रायपुर। नक्सलवाद की समाप्ति के बाद बस्तर में बदलती परिस्थितियों की तस्वीर अब दूरस्थ वनांचलों में भी दिखाई देने लगी है। दंतेवाड़ा के सुदूर वनांचल छिंदनार में रविवार को ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *