Ekhabri धर्म दर्शन। नवरात्रि के सातवें दिन की पूजा का विशेष महत्व है। इस दिन माँ दुर्गा के सातवें रूप, माँ कालरात्रि की आराधना की जाती है। माँ कालरात्रि को काल का नाश करने वाली और अज्ञान का अंत करने वाली देवी माना जाता है। वे अपने भक्तों को भय, रोग, और शत्रुओं से मुक्त करती हैं। उनकी पूजा से जीवन में आने वाली बाधाएं दूर होती हैं और व्यक्ति को साहस एवं शक्ति प्राप्त होती है।
माँ कालरात्रि का स्वरूप अत्यंत उग्र और भयानक है, लेकिन वे अपने भक्तों के लिए अत्यंत शुभकारी मानी जाती हैं। वे अंधकार और नकारात्मक ऊर्जा का नाश करती हैं और भक्तों को सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करती हैं। उनके चार हाथ हैं, जिनमें वे एक हाथ में खड्ग और दूसरे में लौह शस्त्र धारण करती हैं। उनके बाकी दो हाथ आशीर्वाद और सुरक्षा का प्रतीक हैं। माँ कालरात्रि की पूजा करने से भय, बुरी आत्माओं और मानसिक तनाव से मुक्ति मिलती है।
माँ कालरात्रि के प्रमुख मंदिर
भारत में माँ कालरात्रि के अनेक प्रसिद्ध मंदिर हैं जहाँ नवरात्रि के दौरान भक्तों की विशेष भीड़ उमड़ती है। कुछ प्रमुख मंदिरों में शामिल हैं:
Ekhabri कालीघाट मंदिर, कोलकाता
1. कालीघाट मंदिर, कोलकाता
यह मंदिर माँ काली को समर्पित है, जो माँ कालरात्रि का ही रूप हैं। यहाँ भक्त विशेष रूप से नवरात्रि के समय देवी की पूजा अर्चना करने आते हैं।
Ekhabri मां कालरात्रि मंदिर, सारण, बिहार
2. मां कालरात्रि मंदिर, सारण, बिहार
बिहार के सारण जिले के मदसूदनपुर डुमरी महिसौथा-पकटोला रोड, सौरिया बुजुर्ग में स्थित है. माना जाता है कि बिहार का यह इकलौता मंदिर 500 साल से अधिक की है. यहां हर साल पूरे बिहार से लोग माथा टेकने के लिए आते हैं.
यहाँ माँ काली के रूप में माँ कालरात्रि की पूजा होती है। यह मंदिर भी नवरात्रि में भक्तों के आकर्षण का केंद्र रहता है।
Ekhabri मां हरसिद्धि माता उज्जैन
4. मां हरसिद्धि माता मंदिर, उज्जैन
शक्तिपीठ होने के कारण इस मंदिर का महत्व बढ़ जाता है। यहां जो भी आता है उसकी मनोकामनापूर्ण होती है। इस मंदिर और देवी का पुराणों में उल्लेख मिलता है। नवरात्रि में यहां उत्सव का महौल रहता है। यहां की देवी का तांत्रिक महत्व भी है। यहां श्रीसूक्त और वेदोक्त मंत्रों के साथ पूजा होती है। मान्यता के अनुसार यहां पर स्तंभ दीप जलाने का सौभाग्य हर किसी को प्राप्त नहीं होता।
4. मां गड़कालिका, उज्जैन
मध्यप्रदेश के उज्जैन के कालीघाट स्थित कालिका माता के प्राचीन मंदिर को गढ़ कालिका के नाम से जाना जाता है। देवियों में कालिका को सबसे महत्वपूर्ण माना गया है। गढ़ कालिका के मंदिर में मां कालिका के दर्शन के लिए रोज हजारों भक्तों की भीड़ जुटती है।
नवरात्रि का सातवां दिन शक्ति और साहस की देवी माँ कालरात्रि को समर्पित है, जो हमें जीवन की कठिनाइयों का सामना करने की प्रेरणा देती हैं। उनकी पूजा से भय और नकारात्मकता का अंत होता है और व्यक्ति को मानसिक, शारीरिक और आध्यात्मिक बल प्राप्त होता है।
रायपुर, 26 सितंबर 2026। एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला कबड्डी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ईरान को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। भारतीय टीम की इस ऐतिहासिक सफलता में छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले की संजू देवी ने...
नई दिल्ली. दुबई से इज़रायल के लिए जा रही फ्लाई दुबई की फ्लाइट को हाईजैक करने की कोशिश की गई है। फ्लाइट में को-पायलट ने अपने साथी पायलट को चाकू मारकर घायल कर दिया और अपने हाथ में पूरा कंट्रोल...
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रविवार को कांकेर जिले के अंतागढ़ विकासखंड स्थित ग्राम लामकन्हार के एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ की 138वीं कड़ी सुनी। कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री...
रायपुर। बाढ़ प्रभावित ग्राम चंदनीडीह और श्रीलंका पारा में राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है। कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह के निर्देश पर NDRF की रेस्क्यू टीम प्रभावित इलाकों में पहुंचकर लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने में जुटी...
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में 30 सितंबर 2026 को मंत्रालय महानदी भवन में मंत्रिपरिषद की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रदेश के शासकीय महाविद्यालयों में अतिथि व्याख्याताओं की नियुक्ति से लेकर पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षण...
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार सौंपा है। सामान्य प्रशासन विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी किया है। यह प्रशासनिक व्यवस्था नियंत्रक खाद्य एवं औषधि प्रशासन दीपक कुमार अग्रवाल के अवकाश पर...
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ की 138वीं कड़ी में छत्तीसगढ़ के ‘हर घर मुनगा-घर-घर मुनगा’ अभियान का विशेष उल्लेख हुआ। प्रधानमंत्री द्वारा प्रदेश की इस पोषण पहल को राष्ट्रीय मंच पर स्थान दिए जाने...
रायपुर। “जल है तो जीवन है” की सोच को धरातल पर उतारते हुए धमतरी जिले के कुरुद विकासखंड स्थित ग्राम पंचायत मुल्ले में जल संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। वर्षा आधारित इस क्षेत्र में वर्षा एवं...
छत्तीसगढ़ पर्यटन को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ने की दिशा में बड़ी पहल शुरू हुई है। विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल और छत्तीसगढ़ ट्रैवल ट्रेड एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में ‘सेंट्रल इंडिया कनेक्ट छत्तीसगढ़ मार्केट...
रायपुर। छत्तीसगढ़ में लगातार हो रही भारी बारिश और मौसम की मौजूदा स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए शनिवार, 26 सितंबर को प्रदेश के सभी स्कूलों में अवकाश घोषित करने...